डॉ.भीमराव अम्बेडकर के मामले में आपत्तिजनकर बयानबाजी कर भाजपा के भरतपुर शहर विधायक विजय बंसल विवादों में फंस गए है। पार्टी ने जहां उनके इन बयानों को निजी बताते हुए दूरी बना ली है। उधर, उनके खिलाफ रविवार को कामां में जमकर प्रदर्शन हुआ।
संविधान निर्माण में डॉ. भीमराव अम्बेडकर भूमिका को लेकर विधायक विजय बंसल ने अपने बयानों में कटाक्ष किया था। बंसल ने बयान दिया है कि डॉ. अम्बेडकर की संविधान निर्माण में भूमिका नहीं रही। उनके इस बयानबाजी से दलित वर्ग में खासा आक्रोश है। उनका यह बयान आने के बाद उनकी खिलाफत शुरू हो गई। रविवार को कामां में उनके खिलाफ प्रदर्शन किया और प्रशासन को उनके खिलाफ कार्रवाई करने की मांग का ज्ञापन सौंपा।
दूसरी तरफ भाजपा ने बंसल की इस बयानबाजी को गंभीरता से लिया है। सूत्रों की मानें तो इस संबंध में उनसे जबाव तलब किया गया है। साथ भाजपा प्रवक्ता अशोक लाहोटी ने एक बयान जारी कर कहा है कि डॉ. अम्बेडकर के संबंध में विधायक बंसल के बयान से भाजपा का कोई संबंध नहीं है। यह उनका व्यक्तिगत बयान है। लाहौटी ने सफाई दी है कि डॉ. अम्बेडकर संविधान के निर्माता और प्रणेता है। यह बात भाजपा ही नहीं पूरा विश्व स्वीकार करता है। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राजस्थान की सीएम वसुंधरा राजे भी बाबा साहब का सम्मान करते है। संगठन की ओर से मिली फटकार के बाद बसंल भी अपने बयानों से पलटे दिख रहे है। उन्होंने रविवार को मीडिया से कहा कि उनका मकसद बाबा साहब का अपमान करना नहीं था।