फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

वतन वापसी : भारतीय नागरिक तमल बोले- हमें लगा था तालिबान हमारी हत्या कर देगा, भारतीय वायु सेना ने की मदद 

Tue, 24 Aug 2021 12:32 PM IST
प्रांजुल श्रीवास्तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता

सार


तालिबान का कब्जा होने के बाद अफगानिस्तान में एक-एक पल गुजारना मुश्किल हो रहा था। वापस लौट भारतीय नागरिक तमल भट्टाचार्या बताते हैं कि हमें लगा था हमारी हत्या हो जाएगी। 
विज्ञापन
तालिबान शासन के डर से महिलाएं अपने बच्चों को कंटीले बाड़ों के पार फेंककर सुरक्षित करने की कोशिश कर रही हैं। - फोटो : PTI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

अफगानिस्तान से भारत लौटेने वालों में पश्चिम बंगाल के तमल भट्टाचार्या भी हैं। उत्तरी 24 परगना जिले के निमता में रहने वाले तमल अफगानिस्तान स्थित काबुल के कंधार इंटरनेशनल स्कूल में शिक्षक थे और रविवार को ही भारत वापस लौटे हैं। वह करीब पांच महीने तक वहां तैनात रहे। तालिबान के अफगानिस्तान पर कब्जा होने से ठीक एक दिन पहले उन्होंने स्कूल से इस्तीफा दे दिया था।

विज्ञापन


उम्मीद नहीं थी तालिबान इतनी जल्दी कब्जा कर लेगा 
तमल ने एक निजी चैनल को बातचीत के दौरान बताया कि हमें खबरों से पता चला था कि तालिबान को काबुल पर कब्जा जमाने में वक्त लगेगा, लेकिन उन्होंने कुछ ही सप्ताह में काबुल की सत्ता हथिया ली। उन्होंने बताया कि स्कूल से इस्तीफा देने के बाद उन्होंने और एक और भारतीय नागरिक ने वापस लौटने का टिकट कराया था, लेकिन वह टिकट काबुल एयरपोर्ट पर भीड़ के कारण कैंसिल हो गया। उन्होंने बताया कि हमने 17 अगस्त का टिकट कराया था, जो 18 अगस्त को कैंसिल कर दिया गया था। 

काबुल में शांति से ज्यादा डर का माहौल था
वह बताते हैं कि तालिबान का कब्जा होने के बाद चारों ओर डर का माहौल था, लेकिन कुछ ही देर बाद वहां शांति स्थापित हो गई। नियम व कानून पहले की तरह हो गए और स्थिति सामान्य हो गई। इसके बावजूद हम सभी बहुत डरे हुए थे। क्योंकि, हमें यह नहीं पता था कि तालिबान हमारे साथ क्या करने वाला है। हमें लगा था हम लोगों की हत्या कर दी जाएगी या फिर अपहरण हो जाएगा। 
विज्ञापन


भारत आने तक तालिबान ने हमारी मदद की
अफगानिस्तान में दहशत के दिनों को याद करते हुए वह कहते हैं कि हम लोग अपने स्कूल में ही छिपे हुए थे। तालिबान और स्कूल प्रशासन के बीच कई बार चर्चा हुई। इसके बाद हमें आश्वासन दिया गया कि हम लोगों को कुछ नहीं किया जाएगा। तालिबानी हमारी मदद करते रहे। हमें दवाईयां, पानी, खाना मुहैया कराया। 

भारतीय सरकार की मदद के बिना न लौट पाता वतन 
तमल ने भारत सरकार और भारतीय वायु सेना को भी धन्यवाद दिया है। उन्होंने कहा कि मेरे परिवार के लोग एक सप्ताह पहले ही वापस लौट चुके थे। हमें नहीं पता था कि हम वापस आ पाएंगे या नहीं, लेकिन भारतीय वायु सेना और भारत सरकार ने हमारी मदद की। उनकी मदद के बिना हम वतन नहीं लौट पाते। 

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें