महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर केंद्रीय मंत्री नारायण राणे और शिवसेना के बीच तीखी बयानबाजी का दौर चल रहा है। वहीं, इस तकरार की आग में घी डालने का काम सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो ने किया है। इस वीडियो में महाराष्ट्र के परिवहन मंत्री अनिल परब एक पुलिस अधिकारी राणे को गिरफ्तारी देने का आदेश देते हुए प्रतीत हो रहे हैं। यह वीडियो 25 अगस्त को सोशल मीडिया पर आया था।
इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के अनुसार परब को वीडियो में फोन पर मराठी में ऐसा कहते हुए सुना जा सकता है। वह कह रहे थे, 'हेलो, तुम लोग क्या कर रहे हो? लेकिन तुम्हें ये करने की जरूरत है। तुमने उन्हें गिरफ्तार किया है या नहीं? वो किस आदेश की मांग कर रहे हैं? उच्च न्यायालय और सत्र अदालत ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी है... तो पुलिस बल का इस्तेमाल करो।' अनिल परब ने ये बातें मंगलवार को एक प्रेस वार्ता के दौरान फोन पर कहीं।
रत्नागिरि के संरक्षक मंत्री अनिल परब के पास बैठे शिवसेना सांसद भास्कर जाधव को यह कहते हुए सुना जा सकता है कि राणे को पुलिस ने अभी तक गिरफ्तार नहीं किया है। इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार परब इसके जवाब में जाधव से कहते हैं, 'वह (राणे) घर में बैठे हैं, जो पुलिस से घिरी हुई है। जब पुलिस अंदर गई तो हाथापाई की नौबत आ गई। पुलिस अब उन्हें बाहर लेकर आएगी।' इस वीडियो ने भाजपा-शिवसेना के बीच विवाद को और बढ़ा दिया है।
उल्लेखनीय है कि मंगलवार को नारायण राणे की गिरफ्तारी के साथ महाराष्ट्र में ऐसा पहली बार हुआ है जब किसी मौजूदा केंद्रीय मंत्री को गिरफ्तार किया गया है। हालांकि, राणे को उसी दिन जमानत मिल गई थी। बता दें कि इस मामले में राणे के खिलाफ चार एफआईआर दर्ज की गई थीं। इनमें से एक एफआईआर नासिक में भी दर्ज की गई है। नासिक पुलिस ने राणे को एक नोटिस भेजा था जिसमें उन्हें दो सितंबर को साइबर पुलिस थाने में पेश होने के लिए कहा गया है।