एक अमेरिकी वित्तीय संस्थान से भारत कार्बन उत्सर्जन कम करने और इंटरनेट सुविधा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 421 मिलियन अमेरिकी डॉलर (करीब 2800 करोड़ रुपये) लेगा। यह पैसा सोलर और ब्रॉडबैंड इंटरनेट प्रोजेक्ट में खर्च किया जाएगा।
अमेरिका के सरकारी विकास वित्तीय संस्थान ओवरसीज प्राइवेट इन्वेस्टमेंट कॉर्पोरेशन (ओपिक) ने पिछले सप्ताह 250 मिलियन अमेरिकी डॉलर (करीब 1663 करोड़ रुपये) की मंजूरी दी। यह पैसा भारत में 400 मेगावाट तक के विभिन्न सौर अक्षय ऊर्जा उत्पादन संयंत्रों के निर्माण पर खर्च किया जाएगा।
इसके साथ 171 मिलियन अमेरिकी डॉलर (करीब 1137 करोड़ रुपये) की मदद तिकोना डिजिटल नेटवर्क के लिए मंजूर की गई है। यह मदद तिकोना के सस्ते और तेज वायरलेस ब्रॉडबैंड कनेक्शन को भारत में विस्तारित करने के लिए दी गई है।