तृणमूल कांग्रेस ने त्रिपुरा में सांसद सुष्मिता देव समेत अपने नेताओं पर हमले को लेकर सुप्रीम कोर्ट में राज्य सरकार के खिलाफ याचिका दायर की है। वहीं, टीएमसी की राज्य सभा सांसद सुष्मिता देव ने त्रिपुरा के राज्यपाल सत्यदेव नारायण आर्य को चिट्ठी लिखकर राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति बनाए रखने के संबंध में पत्र लिखा है।
राज्य सरकार ने कहा- झूठी खबर फैलने से त्रिपुरा में अशांति पैदा हुई
इस बीच
त्रिपुरा सरकार ने आरोप लगाया कि कुछ लोगों ने राज्य में अशांति पैदा करने की साजिश रची और एक मस्जिद के जलने की फर्जी तस्वीर सोशल मीडिया पर डाल कर राज्य की छवि खराब की। सूचना एवं संस्कृति मंत्री सुशांत चौधरी ने कहा कि पुलिस ने जांच में पाया कि नॉर्थ त्रिपुरा जिले के पानीसागर उपसंभाग में कोई मस्जिद नहीं जलाई गई है, जैसा कि सोशल मीडिया पोस्ट में दावा किया गया था।
त्रिपुरा में हिंसा
उत्तरी त्रिपुरा जिले के धर्मनगर के चमटीला इलाके में मंगलवार को विहिप की रैली के दौरान भड़की हिंसा के बाद धारा 144 लगा दी गई थी। विहिप ने बांग्लादेश में हाल ही में हुई हिंदू मंदिरों और दुर्गा मंडपों में तोड़फोड़ और हिंसा के विरोध में यह रैली निकाली थी।
22 अक्तूबर को तृणमूल कांग्रेस ने कहा था कि अमताली में प्रचार कर रहीं उनकी सांसद सुष्मिता देव पर कुछ लोगों ने हमला कर दिया। सुष्मिता को कुछ चोटें भी आईं और उनकी कार भी क्षतिग्रस्त हो गई। सुष्मिता को इलाज के लिए एक निजी अस्पताल ले जाया गया। बाद में सुष्मिता ने अमताली पुलिस थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई थी।