महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने जामिया मिल्लिया इस्लामिया में छात्रों पर पुलिस कार्रवाई की मंगलवार को आलोचना की। उन्होंने कार्रवाई को ‘जलियावालां बाग नरसंहार’ सरीखा बताया। इस पर महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री व भाजपा नेता देवेंद्र फडणवीस ने उन्हें आड़े हाथों लिया और कहा कि शिवसेना प्रमुख जलियांवाला बाग के शहीदों का अपमान कर रहे हैं।
उद्धव ने विधानसभा के बाहर मीडिया से कहा, इस तरह की कार्रवाई से ‘खौफ का वातावरण’ बनता है। जिस तरह पुलिस ने जबरन परिसर में घुसकर छात्रों पर गोली चलाई, यह जलियांवाला बाग नरसंहार सरीखा लगा। देश के युवाओं के मन में डर पैदा किया जा रहा है। मुझे लगता है कि जहां युवा परेशान होते हैं, वो देश स्थित नहीं रह सकता है। मैंने केंद्र से देश के युवाओं को अस्थिर नहीं करने के लिए कहा है। युवा एक बम की तरह होते हैं, इन्हें सुलगाना नहीं चाहिए, ट्रिगर नहीं दबाना चाहिए। यह मेरी प्रधानमंत्री से विनम्र प्रार्थना है।
इसके जवाब में फडणवीस ने ट्वीट में जामिया के छात्रों के प्रदर्शन का वीडियो अपलोड किया और कहा, जामिया विश्वविद्यालय की घटना की तुलना जलियांवाला बाग नरसंहार से करके मुख्यमंत्री उद्धव जी ठाकरे ने उन सभी शहीदों का बहुत-बहुत बड़ा अपमान किया है, जिन्होंने हमारे देश के अपने जीवन का बलिदान किया है। पूरा देश और महाराष्ट्र जानना चाहता है कि क्या उद्धव इन नारों से (जामिया में लगाए गए) सहमत हैं?