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Maharashtra: एमएलसी अयोग्यता मामले में दस्तावेजों का आदान-प्रदान, जानिए कब होगी मामले की सुनवाई

Fri, 15 Mar 2024 04:35 PM IST
मिथिलेश नौटियाल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी दो गुटों में पहले ही बंट चुकी है। अब दोनों गुटों के वकीलों ने एमएलसी अयोग्यता मामले में सत्यापन के लिए दस्तावेजों का आदान-प्रदान किया है।

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शरद पवार - फोटो : ANI
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विस्तार
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राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के दो प्रतिद्वंद्वी गुटों का प्रतिनिधित्व करने वाले वकीलों ने शुक्रवार को सत्यापन के लिए दस्तावेजों का आदान-प्रदान किया है। ये दस्तावेज दोनों समूहों द्वारा दायर अयोग्यता याचिकाओं के संबंध में थे। अधिकारियों द्वारा बताया गया है कि इस मामले की सुनवाई का कार्यक्रम छह सप्ताह बाद घोषित किया जाएगा। एक अधिकारी ने कहा ‘आज दोनों पक्षों के वकीलों ने सत्यापन के लिए दस्तावेजों का आदान-प्रदान किया।

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किस किस के खिलाफ अयोग्यता याचिका?
शरद पवार के नेतृत्व वाले एनसीपी समूह ने अजीत पवार के नेतृत्व वाले एनसीपी एमएलसी अमोल मिटकरी, सतीश चव्हाण, अनिकेत तटकरे, विक्रम काले और रामराजे नाइक निंबालकर के खिलाफ अयोग्यता याचिका दायर की है, जबकि प्रतिद्वंद्वी गुट ने एनसीपी (शरदचंद पवार) विधायक शशिकांत शिंदे, अरुण लाड और एकनाथ खडसे के खिलाफ भी इसी तरह की याचिका दायर की है। 

क्या है पूरा मामला?
आपको बता दें कि शरद पवार द्वारा स्थापित, एनसीपी जुलाई 2023 में विभाजित हो गई थी। उस दौरान अजीत पवार और उनका समर्थन करने वाले विधायक एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली महाराष्ट्र सरकार में शामिल हो गए। चुनाव आयोग ने बाद में अजित पवार के नेतृत्व वाली पार्टी को पार्टी का नाम 'एनसीपी' और चुनाव चिह्न 'घड़ी' आवंटित किया था। उधर शरद पवार के नेतृत्व वाले गुट का नाम एनसीपी (शरदचंद्र पवार) रखा गया और उनके संगठन का चुनाव चिह्न 'तुतारी उड़ाता आदमी' है। विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर ने भी अजित पवार गुट को असली एनसीपी माना है। 

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