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पंजाब एग्जिट पोल: 'केवल आप, बाकी साफ', सिर चढ़ कर बोला केजरीवाल का दिल्ली मॉडल

सार

इंडिया टुडे एक्सिस के मुताबिक, पंजाब में कांग्रेस को 117 में से 19-31 सीट, 'आप' को 76-90 सीट और अकाली व बसपा गठबंधन को 7-11 सीटें मिल सकती हैं। दिल्ली में आप विधायक और पंजाब के सह प्रभारी राघव चड्ढा ने कहा, 'आप' की बहुत बड़ी जीत है। पंजाब में बदलाव की लहर है। दिल्ली का केजरीवाल मॉडल, पंजाब में पसंद किया गया है...
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भगवंत मान। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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अरविंद केजरीवाल का दिल्ली मॉडल, इस बार पंजाब में छा सकता है। इंडिया टुडे एक्सिस सर्वे में 'केवल आप, बाकी साफ' नजर आ रहा है। केजरीवाल का दिल्ली मॉडल, पंजाब में सिर चढ़ कर बोला है। मुफ्त बिजली और 18 वर्ष से अधिक आयु की महिलाओं के बैंक खाते में 1000 रुपये प्रति माह डाले जाएंगे, 'आप' के ये चुनावी वादे काम कर गए हैं। 'कीर्ति किसान यूनियन' की राज्य कमेटी के सदस्य रामिंद्र सिंह का कहना है कि ये पहले से नजर आ रहा था। पंजाब में लोग बदलाव की बात कर रहे थे। वे अकाली दल और कांग्रेस से तंग आ चुके थे। ये दोनों पार्टियां ही अभी तक पंजाब में राज करती आई हैं। लोग बदलाव चाहते थे और उन्होंने मतदान में उसी के अनुरुप अपना वोट डाला।

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पंजाब के एग्जिट पोल में कांग्रेस पार्टी को 28 फीसदी वोट मिल रहे हैं, पिछली बार के मुकाबले 10.5 फीसदी वोट शेयर कम है। भाजपा को सात फीसदी और अकाली व बसपा गठबंधन को 19 फीसदी मत मिलने की संभावना है। आम आदमी पार्टी को 41 फीसदी वोट मिलने की बात कही जा रही है।

इंडिया टुडे एक्सिस के मुताबिक, पंजाब में कांग्रेस को 117 में से 19-31 सीट, 'आप' को 76-90 सीट और अकाली व बसपा गठबंधन को 7-11 सीटें मिल सकती हैं। दिल्ली में आप विधायक और पंजाब के सह प्रभारी राघव चड्ढा ने कहा, 'आप' की बहुत बड़ी जीत है। पंजाब में बदलाव की लहर है। दिल्ली का केजरीवाल मॉडल, पंजाब में पसंद किया गया है। एक साल के दौरान बतौर सहप्रभारी, पंजाब में लोगों के बीच रहे राघव ने कहा, लोगों में बदलाव की लहर थी। कांग्रेस और अकाली दल से लोग खुश नहीं थे। किसानों का फैक्टर भी पंजाब की परंपरागत पार्टियों को नुकसान पहुंचा गया है। लोगों ने आप पर भरोसा किया है।
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पंजाब में आम आदमी पार्टी ने चुनावी घोषणा पत्र में 16 हजार मोहल्ला क्लिनिक खोलने की बात कही थी। दिल्ली में स्वास्थ्य का यह मॉडल काफ़ी चर्चित रहा है। पंजाब वासियों को मुफ्त इलाज मिलेगा। 18 साल से ऊपर की महिला के बैंक खाते में हर महीने 1000 रुपये डाले जाएंगे। दिल्ली की तरह पंजाब में भी 300 यूनिट बिजली मुफ्त और 24 घंटे बिजली देंगे। सभी ग्रंथों की बेअदबी मामलों में कठोर से कठोर सजा दिलाएंगे। पंजाब को नशा मुक्त बनाया जाएगा। पंजाब में शांति और भाईचारा कायम करेंगे। कांग्रेस पार्टी ने महिला कमांडो बटालियन बनाने की बात कही। हर गांव में दो लड़कियों को कमांडो ट्रेनिंग और स्कूटी देंगे। पांचवीं पास करने वाली छात्रा को  5,000 रुपये दिए जाएंगे। दसवीं पास करने वाली छात्रा को 10 हजार रुपये दिए जाएंगे। बेअदबी मामलों का निपटारा फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाकर किया जाएगा। पंजाब में शराब व खनन कारपोरेशन का गठन और पंजाब के हर नागरिक का पांच लाख रुपये का बीमा किया जाएगा।

बतौर रामिंद्र सिंह, पंजाब के लोगों में चुनाव को लेकर साफ स्थिति थी। कांग्रेसी कुनबे का हाल सभी ने देखा था। अकाली दल पर कोई भरोसा करने को तैयार नहीं है। कैप्टन अमरिंदर सिंह भाजपा के साथ मिल गए। लोगों ने इसे मौकापरस्ती माना। किसान आंदोलन का चुनाव में बड़ा असर रहा है। किसान संगठनों ने भी गलत समय पर चुनाव लड़ने का निर्णय किया। ये गलत कदम था। उन्हें किसानों के लिए अभी बहुत काम करना चाहिए था। पीएम सुरक्षा मामला, किसान और नशा, इन सभी ने कांग्रेस पार्टी को नुक़सान पहुंचाया है। सिद्धू खुद अपनी पार्टी को नशे और खनन के मुद्दे पर घेरते नजर आएं हैं।

2017 के एग्जिट पोल नतीजों में कांग्रेस को सी-वोटर ने 45 सीट, एबीपी लोकनीति ने 51, न्यूजएक्स एमआरसी ने 55 और चाणक्य टुडेज ने 54 सीटें दी थीं। आप को सी-वोटर ने 63 सीट, एबीपी लोकनीति ने 41, न्यूजएक्स एमआरसी ने 55 और चाणक्य टुडेज ने 54 सीटें दी थीं। कांग्रेस पार्टी को 2012 में 46 सीटें मिली थी, 2017 में 77 सीट आई थीं। आप को 2017 में 20 सीटें मिली थीं। शिरोमणि अकाली दल को 2012 में 68 सीट और 2017 में 18 सीट मिली थीं। दिल्ली में आप के विधायक सौरभ भारद्वाज ने कहा, पंजाब में लोग अन्य सभी पार्टियों से तंग आ चुके थे। कांग्रेस नेता अल्का लांबा ने कहा, दलित विधायक चन्नी को मुख्यमंत्री बनाकर सम्मान दिया गया। पहली बार दलितों को इतना बड़ा मान सम्मान मिला है। दूसरे दलों ने ऐसा कदम क्यों नहीं उठाया। चुनावी नतीजों में सही तस्वीर सामने आएगी।

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