फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rashtrapati Bhawan: आर्मी गार्ड बटालियन की अदला-बदली समारोह में शामिल हुईं राष्ट्रपति मुर्मू, कही यह बात

Sun, 11 Feb 2024 05:37 PM IST
श्वेता महतो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

समारोह के दौरान राष्ट्रपति मुर्मू ने सिख रेजिमेंट की 6वीं बटालियन के सैनिकों की सराहना की। इसके साथ ही उन्होंने 5वीं गोरखा राइफल्स की पहली बटालियन का स्वागत किया। 5वीं गोरखा राइफल्स की आने वाली पहली बटालियन की स्थापना 22 मई 1858 में हुई थी।
विज्ञापन
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू - फोटो : PTI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू रविवार को राष्ट्रपति भवन में आर्मी गार्ड के रूप में तैनात सिख रेजिमेंट की 6वीं बटालियन के औपचारिक अदला-बदली समारोह में शामिल हुईं। समारोह के दौरान, सिख रेजिमेंट की 6वीं बटालियन ने औपचारिक आर्मी गार्ड बटालियन के रूप में अपना कार्यकाल पूरा कर लिया है। उन्होंने अब 5वीं गोरखा राइफल्स की पहली बटालियन को कार्यभार सौंप दिया।

विज्ञापन


बारी-बारी से सेरेमोनियल आर्मी गार्ड के रूप में कार्य करती हैं इन्फैंट्री इकाइयां
राष्ट्रपति भवन में सेना की विभिन्न इन्फैंट्री इकाइयां बारी-बारी से सेरेमोनियल आर्मी गार्ड के रूप में कार्य करती हैं। आर्मी गार्ड बटालियन राष्ट्रपति भवन में औपचारिक गार्ड कर्तव्यों का पालन करने के अतिरिक्त गणमान्य व्यक्तियों को गार्ड ऑफ ऑनर, गणतंत्र दिवस परेड, स्वतंत्रता दिवस परेड, बीटिंग द रिट्रीट समारोह जैसे विभिन्न महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में औपचारिक कर्तव्यों को निभाते हैं।

गणतंत्र दिवस और स्वतंत्र दिवस परेड में शामिल होती है आर्मी गार्ड बटालियन
बता दें कि सेना की विभिन्न पैदल इकाइयां बारी-बारी से राष्ट्रपति भवन में आर्मी गार्ड के रूप में काम करती हैं। आर्मी गार्ड बटालियन राष्ट्रपति भवन में औपचारिक गार्ड कर्तव्यों का पालन करने के अलावा विभिन्न कार्यक्रमों गणतंत्र दिवस परेड, स्वतंत्रता दिवस परेड और बीटिंग द रिट्रीट समारोह में भी शामिल होती है। 
विज्ञापन


राष्ट्रपति मुर्मू ने की सिख रेजिमेंट की छठी बटालियन के सैनिकों की तारीफ
समारोह के दौरान राष्ट्रपति मुर्मू ने सिख रेजिमेंट की 6वीं बटालियन के सैनिकों की सराहना की। इसके साथ ही उन्होंने 5वीं गोरखा राइफल्स की पहली बटालियन का स्वागत किया। 5वीं गोरखा राइफल्स की आने वाली पहली बटालियन की स्थापना 22 मई 1858 में हुई थी। सेना की इस इकाई ने दोनों विश्व युद्धों में हिस्सा लिया था और बहादूरी के विभिन्न कार्यों के लिए उन्होंने हर तरफ से प्रशंसाएं अर्जित की थीं। 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें