पूर्वोत्तर सीमा रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी सब्यसाची डे ने बताया कि 56 स्टेशनों में असम के 32 स्टेशन, त्रिपुरा के तीन स्टेशन, पश्चिम बंगाल के 16 स्टेशन, बिहार के तीन स्टेशन और नागालैंड एवं मेघालय के एक-एक स्टेशन शामिल हैं। पू. सी. रेल के अधीन 91 स्टेशनों के पुनर्विकास के लिए 5100 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। इसमें 1960 करोड़ रुपए की राशि का उपयोग इन 56 स्टेशनों के पुनर्विकास के लिए किया जाएगा।
पुनर्विकास किए जाने वाले स्टेशनों में गुवाहाटी, डिब्रूगढ़, तिनसुकिया, सिलचर, अगरतला, शिलांग, दीमापुर और इंफाल शामिल हैं। अमृत भारत स्टेशन योजना रेलवे स्टेशनों के पुनर्विकास के लिए एक व्यापक योजना है।
उल्लेखनीय है कि देश भर के 508 स्टेशनों के पुनर्विकास कार्य की आधारशिला रखेंगे। भारतीय रेल के स्टेशनों के विकास के लिए हाल ही में अमृत भारत स्टेशन योजना शुरू की गई है। इस योजना के तहत पुनर्विकास के लिए अब तक भारतीय रेल के 1309 स्टेशनों का चयन किया गया है।
उन्होंने बताया कि यह योजना दीर्घकालिक दृष्टिकोण के साथ निरंतर रूप से स्टेशनों के विकास की परिकल्पना करती है। आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए प्रत्येक ऐसे स्टेशन पर स्टेशन तक आसान पहुंच, सर्कुलेटिंग एरिया, वेटिंग हॉल, शौचालय, आवश्यकतानुसार लिफ्ट/एस्केलेटर, स्वच्छता, मुफ्त वाई-फाई, ‘वन स्टेशन वन प्रोडक्ट’ जैसी योजनाओं के माध्यम से स्थानीय उत्पादों के लिए कियोस्क, बेहतर यात्री सूचना प्रणाली, एक्जिक्यूटिव लाउंज, व्यावसायिक बैठकों के लिए नामांकित स्थान, लैंडस्केपिंग आदि जैसी सुविधाओं में सुधार के लिए मास्टर प्लान तैयार करना और कई चरणों में उसके कार्यान्वयन शामिल हैं।
डे ने बताया कि इस योजना के अंतर्गत दीर्घावधि अवधि में स्टेशन पर भवनों का उन्नयन, शहर के दोनों किनारों के साथ स्टेशन को एकीकृत करना, मल्टीमॉडल एकीकरण, दिव्यांगजनों के लिए सुविधाएं, स्थायी और पर्यावरण अनुकूल समाधान, बलास्ट रहित ट्रैकों का प्रावधान, आवश्यकतानुसार 'रूफ प्लाजा', चरणबद्धता और व्यवहार्यता तथा सिटी सेंटर के निर्माण की
भी परिकल्पना की गई है।
शिलान्यास समारोह रविवार को गुवाहाटी रेलवे स्टेशन पर आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम में केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव, असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा और अन्य गणमान्य लोग उपस्थित\ रहेंगे।