ऑक्सीजन की आपूर्ति के बारे में राज्यों की ओर से उठाए गए मुद्दों पर प्रधानमंत्री ने कहा कि इसकी आपूर्ति बढ़ाए जाने को लेकर लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सभी संबंधित विभाग और मंत्रालय इस दिशा में मिलकर काम कर रहे हैं। औद्योगिक इस्तेमाल में आने वाले ऑक्सीजन का भी चिकित्सीय ऑक्सीजन की जरूरतों के लिए उपयोग किया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने कहा कि ऑक्सीजन टैंकरों को भेजने और उनकी वापसी में लगने वाले समय को कम करने के लिए रेलवे, वायुसेना की मदद ली जा रही है।
प्रधानमंत्री ने सभी राज्यों से साथ मिलकर काम करने और दवाइयों तथा ऑक्सीजन संबंधित जरूरतों को को पूरा करने के लिए एक-दूसरे से सहयोग करने का आग्रह किया। साथ ही, उन्होंने राज्यों से ऑक्सीजन की जमाखोरी और कालाबाजारी पर नकेल कसने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, 'अगर हम एक राष्ट्र के तौर पर काम करेंगे तो संसाधनों की कोई कमी नहीं होगी।'
गौरतलब है कि वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से हुई यह बैठक ऐसे समय में हुई है, जब देश में कोरोना महामारी लगातार भयावह रूप लेती जा रही है और कई राज्यों में बिस्तरों से लेकर ऑक्सीजन तक की कमी के मामले सामने आ रहे हैं। बैठक में महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, केरल, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश और दिल्ली सहित कुछ अन्य राज्यों के मुख्यमंत्री शामिल हुए।
सरकारी सूत्रों के मुताबिक, मुख्यमंत्रियों से संवाद करने से पहले प्रधानमंत्री ने सुबह नौ बजे एक आंतरिक बैठक की, जिसमें केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों के वरिष्ठ अधिकारियों ने हिस्सा लिया। इसके बाद प्रधानमंत्री ने 10 राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ संवाद किया और महामारी की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की। प्रधानमंत्री ने दोपहर 12:30 बजे देश के अग्रणी ऑक्सीजन निर्माताओं से भी बातचीत की।
देश में शुक्रवार को एक दिन में रिकॉर्ड 3,32,730 नये मामले सामने आए। इसके बाद देश में संक्रमण के कुल मामले बढ़कर 1,62,63,695 हो गए। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के शुक्रवार तक के आंकड़ों के मुताबिक, 24 लाख से अधिक लोग अब भी संक्रमण की चपेट में हैं जबकि 2,263 और लोगों की मौत होने के बाद मृतक संख्या 1,86,920 पर पहुंच गई है।
पिछले 24 घंटे में देश में दर्ज कोविड-19 के मामलों में 75.01 प्रतिशत मामले महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, कर्नाटक, केरल, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, तमिलनाडु, गुजरात और राजस्थान से हैं। महाराष्ट्र में संक्रमण के सबसे अधिक रोजाना के मामले 67,013 दर्ज किए गए। इसके बाद उत्तर प्रदेश में 34,254 मामले, जबकि केरल में संक्रमण के 26,995 नए मामले दर्ज किए गए। दिल्ली और 11 राज्यों महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, केरल, गुजरात, तमिलनाडु, राजस्थान, बिहार और पश्चिम बंगाल में संक्रमण के दैनिक मामलों में इजाफा देखा जा रहा है।