ट्रेनों में होंगे ये बदलाव
आने वाली नई वंदेभारत में कई परिवर्तन किए जाएंगे। इसे ट्रेन का अपग्रेडेड वर्जन का नाम दिया गया है। इसमें बैठने की सहूलियतों का खास ख्याल रखा जाएगा। ट्रेन की रेक्लाइनिंग सीट को पुशबैक से लैस किया जाएगा। यानि उसे पुश कर अपने आराम के हिसाब से आगे या पीछे किया जा सकेगा। ट्रेन में सेंट्रलाइज्ड कोच लगाए जाएंगे, जिससे एक ही जगह से पूरी ट्रेन पर नजर रखी जा सकेगी। यहीं से ट्रेन के सारे सिस्टम की निगरानी की जाएगी।
नई ट्रेनों में बिजली गुल होने पर वेंटिलेशन और लाइटिंग के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की गई है। बिजली गुल होने पर करीब तीन घंटे का वेंटिलेशन मौजूद होगा। हर कोच में बड़ी-बड़ी लाइटें होंगी।
वहीं, नई ट्रेनों में सिक्योरिटी फीचर भी जोड़े जाएंगे। हर कोच में अब चार इमरजेंसी विंडो होंगी, ताकि किसी भी आपात स्थिति में यात्रियों को जल्दी से जल्दी निकाला जा सके। ट्रेन के एसी और भी बेहतर किया जाएगा। अपग्रेडेड वर्जन में वंदे भारत के कोच को बैक्टिरिया फ्री एयर कंडीशनिंग सिस्टम से लैस किया जाएगा।
यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए पैसेंजर इन्फॉर्मेशन सिस्टम लगाया जाएगा। हर कोच में दो की बजाय अब चार इमरजेंसी पुश बटन होंगे। इमरजेंसी विंडो बढ़ेंगे, दरवाजे और खिड़कियों में फायर सर्वाइवल केबल का इस्तेमाल होगा, जिससे आग लगने की स्थिति में भी दरवाजा और खिड़कियां खोलना आसन होगा।
गौरतलब है कि देश में वंदेभारत एक्सप्रेस की शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2019 में की थी। पहली ट्रेन वाराणसी से नई दिल्ली के बीच शुरू की गई थी। इसे ट्रेन 18 के नाम से भी जाना जाता है। यह देश की अपनी तरह की पहली और सबसे तेज चलने वाली ट्रेन है। इसका लुक बुलेट ट्रेन से मिलता-जुलता बनाया गया है।