सूत्रों का कहना है, इस मुलाकात के लिए सुरक्षा इंतजाम भी किए जा रहे हैं। दरअसल 9 और 10 सितंबर को 'जी20' शिखर सम्मेलन होना है। होटल से राजघाट व प्रगति मैदान तक पहुंचने के लिए अधिकतम 40 मिनट का समय तय किया गया है। समय के इसी शेड्यूल के मुताबिक, सभी राष्ट्रध्यक्ष और प्रधानमंत्री, होटल से प्रगति मैदान और राजघाट पहुंचेंगे। राजघाट से वापस प्रगति मैदान तक पहुंचना, ये रूट भी करीब 40 मिनट के भीतर ही रहेगा। यानी इसी शेड्यूल में सभी विदेशी मेहमानों की आवाजाही संपन्न होगी। सड़कों पर किसी भी तरह का कोई ब्रेकर नहीं रहेगा। यही वजह है कि सभी अतिथि अपने-अपने होटल से आयोजन स्थल और राजघाट तक उसी शेड्यूल के अंतर्गत पहुंचेंगे।
सभी अतिथियों के बीच आयोजन स्थल एवं दूसरे स्थान तक पहुंचने के दौरान समय का बहुत छोटा अंतराल रखा गया है। यानी एक अतिथि जैसे ही अपनी गाड़ी से उतर कर अंदर की तरफ प्रस्थान करेगा, तभी दूसरे मेहमान का काफिला वहां पहुंच जाएगा। हालांकि किसी एक होटल में कई मेहमान ठहरे हैं तो वहां से उनका काफिला, सिंगल ही निकलेगा। सूत्रों का कहना है कि 9 सितंबर को शाम साढ़े चार बजे विदेशी मेहमान अपने-अपने होटल के लिए रवाना होंगे। उस वक्त संभव है कि अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन और पीएम मोदी वहीं पर ठहर जाएं। करीब डेढ़ घंटे के बाद विदेशी मेहमान, डिनर के लिए वापस प्रगति मैदान आएंगे।
विदेशी मेहमानों के प्रगति मैदान में पहुंचने का जो कार्यक्रम तय किया गया है, वह अंग्रेजी वर्णमाला के अक्षरों के अनुसार रहेगा। हालांकि ओमान के सुल्तान 'किंग' सबसे पहले आयोजन स्थल पर पहुंचेंगे। उसके बाद ए, बी, सी, डी ..एक्स, वाई और जेड के क्रमानुसार प्रगति मैदान में आएंगे। इस क्रम में अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन का काफिला, सबसे बाद में आएगा। वहां से लौटते समय, अमेरिकी राष्ट्रपति सबसे पहले निकलेंगे। वजह, तब अंग्रेजी वर्णमाला के अक्षरों के विपरित क्रम के अनुसार काफिले चलेंगे। यानी निकलने का क्रम नीचे से जैसे जेड, वाई, एक्स ... डी, सी, बी, ए, आदि रहेगा।