कांग्रेस प्रमुख मल्लिकार्जुन खरगे और पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार को अखिल भारतीय कांग्रेस समिति (एआईसीसी) के सचिवों और संयुक्त सचिवों के साथ एक बैठक की। इस दौरान उन्होंने जोर दिया कि पार्टी के नेताओं को भाजपा-आरएसएस की बांटने की राजनीति से लड़ने और संविधान की रक्षा के लिए काम करने की जरूरत है।
पार्टी नेताओं से मांगे सुझाव
खरगे और राहुल गांधी ने एआईसीसी मुख्यालय में पार्टी नेताओं से मुलाकात की और संगठन को मजबूत करने व पार्टी के जनाधार को बढ़ाने के लिए उनके सुझाव मांगे। यह बैठक हाल ही में संगठन में हुए बड़े फेरबदल के कुछ दिनों बाद हुई है, जिसमें कई नए सचिवों और संयुक्त सचिवों की नियुक्ति की गई थी।
हर भारतीय तक पहुंचेगी कांग्रेस: मल्लिकार्जुन खरगे
सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक पोस्ट में खरगे ने कहा कि कांग्रेस हर भारतीय नागरिक तक पहुंचेगी। उन्होंने कहा, हमने एआईसीसी के नए नियुक्त किए गए सचिवों और संयुक्त सचिवों के साथ बैठक की। हम अपने संगठन को मजबूत करने, हर आवाज को शामिल करने और सत्ता को सच बताने के लिए दृढ़ संकल्पित हैं।
पार्टी में नया उत्साह लाएंगे युवा: वेणुगोपाल
कांग्रेस महासचिव के.सी.वेणुगोपाल ने कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की अध्यक्षता में नए नियुक्त सचिवों और संयुक्त सचिवों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की गई। उन्होंने कहा, यह टीम समाज के हाशिए पर रहने वाले वर्गों की आवाज का मजबूती से प्रतिनिधित्व करेगी। युवाओं की उर्जा पार्टी की कार्यप्रणाली में नया उत्साह लाएगी।
'कांग्रेस सामाजिक बदलाव के लिए काम करने वाली ताकत'
वेणुगोपाल ने कहा, जैसा कि खरगे जी और राहुल जी ने बैठक में जिक्र किया, हमारा काम भाजपा-आरएसएश की बांटने की राजनीति के खिलाफ लड़ना और संविधान की रक्षता के लिए मजबूती से काम करना है। हम सामाजिक बदलाव के लिए काम करने वाली ताकत हैं। जबकि भाजपा सामाजिक ठहराव का प्रतिनिधित्व करती है। उन्होंने आगे कहा, "मैं इस बात को लेकर आश्वस्त हूं कि नई टीम हमारी पार्टी को मजबूत करेगी और आने वाले दिनों में नए उत्साह के साथ काम करेगी।"
खरगे ने विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए कांग्रेस सचिवों और संयुक्त सचिवों की नियुक्ति की है। ये पदाधिकारी पार्टी के महासचिवों और संबंधित राज्यों के प्रभारियों के साथ जुड़कर काम करेंगे।