अनाथालयों के पंजीकरण और किशोर न्याय अधिनियम का अनुपालन करने के मामले में राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (NCPCR) ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को पत्र लिखा है। आयोग ने सभी प्रदेशों को यह सुनिश्चित करने को कहा है कि उनके प्रदेशों में अनाथालयों का उचित पंजीकरण कराया गया है।
किशोर न्याय अधिनियम के अनुपालन का भी आह्वान
बाल अधिकार आयोग ने साफ किया है कि सभी राज्यों / केंद्रशासित प्रदेशों को यह सुनिश्चित करना होगा कि संबंधित क्षेत्रों में अनाथालय उचित पंजीकरण के साथ ही संचालित किए जा रहे हों। एनसीपीसीआर ने सभी मानदंडों का पालन सुनिश्चित करने के साथ-साथ किशोर न्याय अधिनियम के अनुपालन का भी आह्वान किया है।
शिक्षा और पॉक्सो कानून पर भी बोले एनसीपीसीआर प्रमुख प्रियांक कानूनगो
आयोग ने कहा है कि नाबालिग बच्चों से जुड़े कानूनों का सख्त अनुपालन बेहद जरूरी है। राज्यों को लिखे पत्र में एनसीपीसीआर के प्रमुख प्रियांक कानूनगो ने मुख्य सचिवों को लिखे पत्र में कहा कि नाबालिगों के यौन उत्पीड़न मामले में पॉक्सो कानून का भी प्रभावी कार्यान्वयन किया जाना चाहिए। आयोग ने बच्चों के लिए शिक्षा के अधिकार की वकालत करते हुए कहा कि अनाथालय में रहने वाले बच्चों के साथ-साथ सभी बच्चों की शिक्षा का पर्याप्त बंदोबस्त किया जाना चाहिए।