नए सत्र के लिए प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है, लेकिन प्रदेश के सहायता प्राप्त डिग्री कालेजों को आगामी सत्र में भी शिक्षक नहीं मिल पाएंगे।
उच्चतर शिक्षा सेवा आयोग में वर्षों से भर्ती प्रक्रिया ठप है। काफी दबाव के बाद अध्यक्ष की नियुक्ति तो हो गई, लेकिन आयोग में सदस्यों की तैनाती का अब भी इंतजार है। इसकी वजह से असिस्टेंट प्रोफेसर के 1652 पदों की भर्ती प्रक्रिया बाधित है।
हालांकि एक सप्ताह में सदस्यों की नियुक्ति की उम्मीद है। इसके बाद आगे की प्रक्रिया शुरू होगी, लेकिन अभी लिखित परीक्षा का परिणाम घोषित होना है। इसके बाद साक्षात्कार होगा। ऐसे में नया सत्र शुरू होने से पहले अध्यापकों की भर्ती नहीं हो पाएगी।
आयोग की ओर से वर्र्षों से कोई भर्ती नहीं हुई। दो बार आवेदन मांगे गए, लेकिन दोनों भर्तियां विवादों की भेंट चढ़ गईं।