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Vikram Lander: नासा को मिली बड़ी कामयाबी, पता चली चंद्रयान के विक्रम लैंडर की सटीक स्थिति

Mon, 22 Jan 2024 10:17 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Vikram Lander: चंद्रयान-3 का विक्रम लैंडर चांद की सतह पर है। यह मिशन काफी पहले बंद हो चुका था। लेकिन, अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने अपने यान के जरिए बड़ी कामयाबी हासिल की है। नासा के अंतरिक्ष यान ने सफलतापूर्व चांद की सतह पर विक्रम लैंडर को लेजर लाइट से निशाना लगाया। 
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चंद्रयान-3 का विक्रम लैंडर। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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नासा के अंतरिक्ष यान लूनर रिकॉनिसेंस ऑर्बिटर (एलआरओ) ने 12 दिसंबर को चंद्रयान-3 के हिस्से विक्रम लैंडर को लेजर लाइट से निशाना लगाया। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी ने बताया कि इससे चंद्रमा की सतह पर लक्ष्यों की सटीक लोकेशन पता लगाने का नया रास्ता मिला है। 

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नासा ने बताया कि 12 दिसंबर, 2023 को नासा के एलआरओ ने अपने लेजर ऑल्टीमीटर इंस्ट्रूमेंट को विक्रम की ओर घुमाया और एक लेजर लाइट छोड़ी। जब यह लेजर लाइट छोड़ी गई, तो विक्रम लैंडर और एलआरओ के बीच करीब 100 किलोमीटर की दूरी थी। विक्रम लैंडर चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव क्षेत्र में मंजिनस क्रेटर के पास था। ऑर्बिटर ने विक्रम में लगे एक छोटे रेट्रोरिफ्लेक्टर से वापस लौटी लाइट को कैद किया, जिससे विक्रम की सटीक स्थिति का पता चला।
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नासा ने बताया कि अब तक इस तकनीक का इस्तेमाल जमीन से पृथ्वी की परिक्रमा करने वाले उपग्रहों की जगहों को ट्रैक करने के लिए किया जाता रहा है। यह पहली बार है, जब चंद्रमा पर इसका इस्तेमाल किया गया। नासा का कहना है कि इसका मकसद यह पता करना था कि चंद्रमा की कक्षा से सतह पर रेट्रोरिफ्लेक्टर के जरिये चीजों की सटीक जगह पता चल सकती है।
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