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Maharashtra Election: मुंबई पुलिस के पूर्व प्रमुख संजय पांडेय कांग्रेस में शामिल, धनशोधन मामले में आ चुका नाम

Thu, 19 Sep 2024 10:37 PM IST
कीर्तिवर्धन मिश्र न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

पांडेय की उनके एक कंपनी के संबंध में जांच का सामना करना पड़ा था। हालांकि, बाद में उन्हें जमानत दे दी गई थी। उन्होंने महाराष्ट्र के कार्यवाहक डीजीपी और बाद में जब उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली एमवीए सरकार में मुंबई पुलिस आयुक्त के तौर पर सेवाएं दीं।
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मुंबई पुलिस के आयुक्त रह चुके हैं संजय पांडेय। - फोटो : ANI
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विस्तार
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महाराष्ट्र में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव प्रस्तावित हैं। इससे पहले मुंबई पुलिस के पूर्व आयुक्त संजय पांडेय गुरुवार को कांग्रेस में शामिल हो गए। साल 1986 बैच के सेवानिवृत्त आईपीएस अफसर इससे पहले 2022 में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की रडार पर भी आ चुके हैं। उन्हें नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) के कर्मचारियों की कथित तौर पर अवैध फोन टैपिंग से जुड़े धनशोधन के मामले में गिरफ्तार किया गया था।
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संजय पांडेय को कांग्रेस की मुंबई इकाई की प्रमुख और लोकसभा सांसद वर्षा गायकवाड़ ने दक्षिण मुंबई स्थित कार्यालय में पार्टी की सदस्यता दिलाई।

कांग्रेस में शामिल होने पर क्या बोले पांडेय?
पांडेय ने खुद को धर्मनिरपेक्ष विचारधारा वाला शख्स बताया और कहा कि कांग्रेस को छोड़कर कोई भी दूसरा राजनीतिक दल धर्मनिरपेक्ष विचारधारा नहीं मानता। उन्होंने कहा, "मैं किसी पार्टी में नहीं, बल्कि एक परिवार में शामिल हो रहा हूं। मैं 2004 में ही कांग्रेस में शामिल होना चाहता था, लेकिन मुझे मौका नहीं मिला।"

विधानसभा चुनावों के बाद महाराष्ट्र में विपक्षी महाविकास आघाड़ी (एमवीए) के सरकार बनाने का भरोसा जताते हुए पांडेय ने कहा कि एमवीए के शासन में आम नागरिकों को किसी चीज से डरने की जरूरत नहीं होगी। उन्होंने कहा, "एक सेवानिवृत्त पुलिस आयुक्त के तौर पर मैं बता सकता हूं कि मेरे खिलाफ कैसे झूठे मामले दर्ज किये गए।"
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किस मामले में बैठी थी जांच?
पांडेय की उनके एक कंपनी के संबंध में जांच का सामना करना पड़ा था। हालांकि, बाद में उन्हें जमानत दे दी गई थी। उन्होंने महाराष्ट्र के कार्यवाहक डीजीपी और बाद में जब उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली एमवीए सरकार में मुंबई पुलिस आयुक्त के तौर पर सेवाएं दीं। उन पर भाजपा ने आरोप लगाया था कि उन्होंने एमवीए सरकार के साथ मिलकर उसके नेताओं को झूठे मामलों में फंसाने की साजिश की।
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