पुलवामा आतंकी हमले के 12 दिनों बाद भारत ने पाकिस्तान में घुसकर कई आतंकी ठिकानों को नष्ट कर दिया है। वायुसेना ने पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) के क्षेत्र को पार करके पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा के बालाकोट में जैश के सबसे पुराने कैंप पर हमला किया है। कैंप का मुखिया अजहर मसूद का साला यूसुफ अजहर था।
| भारत | पाकिस्तान | |
| सैनिक | 13.6 लाख | 6.37 लाख |
| टैंक | 4426 | 2182 |
| युद्धपोत | 295 | 197 |
| लड़ाकू विमान | 2185 | 1281 |
| हेलीकॉप्टर | 720 | 328 |
| रक्षा खर्च | 41 खरब 23 अरब रुपये | 7 खरब 81 अरब रुपये |
इंटरनैशनल इंस्टिट्यूट ऑफ स्ट्रैटेजिक स्टडीज (आईआईएसएस) के अनुसार भारत ने अपने 14 लाख सक्रिय सैनिकों के लिए 2018 में 58 अरब डॉलर (41 खरब 23 अरब एक करोड़ 70 लाख रुपये) का रक्षा बजट पारित किया था। यह धन राशि भारत की जीडीपी का 2.1 फीसदी है।
वहीं, पिछले साल पाकिस्तान ने अपने 6,53,000 सैनिकों के लिए 11 अरब डॉलर (7 खरब 81 अरब 95 करोड़ रुपये) का रक्षा बजट पास किया था। यह धन राशि पाकिस्तान की जीडीपी का 3.6 फीसदी है। पाकिस्तान को साल 2018 में 10 लाख डॉलर (सात करोड़ 10 लाख रुपये) की सैन्य सहायता भी मिली थी।
स्टॉकहोम इंटरनैशनल पीस रिसर्च इंस्टिट्यूट ( एसआईपीआरआई) के अनुसार साल 1993 से 2006 के बीच पाकिस्तान ने सेना पर अपनी बजट का 20 फीसदी से अधिक हिस्सा खर्च किया है। इसके मुताबिक साल 2017 में सरकारी खर्च में 16.7 फीसदी हिस्सा सेना पर खर्च किया गया था। वहीं भारत ने उसी अवधि के दौरान अपने बजट का 12 फीसदी हिस्सा रक्षा पर खर्च किया था, जबकि साल 2017 में यह 9.1 फीसदी था।