मराठा आरक्षण कार्यकर्ता मनोज जरांगे पाटिल ने रंजनगांव से अपनी पदयात्रा शुरू की। उन्होंने बताया कि वह मुंबई तक अपनी मार्च जारी रखेंगे। इसके साथ ही उन्होंने मीडिया का धन्यवाद भी किया।
मीडिया से बात करते हुए मनोज जरांगे ने कहा, 'हम मुंबई तक अपनी मार्च जारी रखेंगे। मुझे यकीन है कि आजाद मैदान या शिवाजी पार्क में हमें प्रदर्शन करने की इजाजत मिल जाएगी। मैं मीडिया को उनके सहयोग के लिए धन्यवाद करता हूं। मैं अपने समुदाय के सदस्यों से मीडिया के लोगों के साथ सहयोग करने की अपील करता हूं। उन्होंने हमें इस आंदोलन में काफी मदद की है।'
मराठा कुनबी जाति के है: जरांगे
मनोज जरांगे ने दावा किया कि महाराष्ट्र में अब तक 54 लाख रिकॉर्ड मिले हैं जिनसे पता चला है कि मराठा समुदाय के सदस्य कुनबी (अन्य पिछड़ा वर्ग उपजाति) समुदाय के हैं। साथ ही उन्होंने तत्काल जाति प्रमाणपत्र जारी करने की मांग भी की। जरांगे ने 20 जनवरी को हजारों समर्थकों के साथ जालना जिले से मुंबई के लिए मार्च निकाला था। उनकी मांग है कि राज्य सरकार की ओर से नौकरियों और शिक्षा में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) समूह के तहत मराठों को आरक्षण दिया जाए।
समापन 26 जनवरी को मुंबई में ही होगा
कई वाहनों के साथ यह मार्च बुधवार को मुंबई के लिए पुणे शहर से गुजरा। इसका समापन 26 जनवरी को मुंबई में ही होगा। पुणे पुलिस ने सड़क यातायात के मार्ग में बदलाव किया और सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए। सरकारी नौकरियों और शिक्षा में मराठों को आरक्षण देने में राज्य सरकार के विफल रहने पर जरांगे ने 26 जनवरी से मुंबई में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू करने की घोषणा की थी।