मणि भवन के कार्यकारी सचिव मेघश्याम अजगांवकर ने बताया कि 89 साल की गोकनी पिछले पांच साल से स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझ रही थीं। गोकनी गांधी स्मारक निधि, मुंबई की पूर्व अध्यक्ष थीं।
महात्मा गांधी की पोती ऊषा गोकनी का मंगलवार को मुंबई में निधन हो गया। वे 89 साल की थीं और लंबे समय से बीमार चल रही थीं। मणि भवन के कार्यकारी सचिव मेघश्याम अजगांवकर ने बताया कि 89 साल की गोकनी पिछले पांच साल से स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझ रही थीं। गोकनी गांधी स्मारक निधि, मुंबई की पूर्व अध्यक्ष थीं। यह मणि भवन में ही स्थित है। मणि भवन का भारत के स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास में विशेष महत्व है।
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ऊषा गोकनी ने अपना बचपन वर्धा के सेवाग्राम आश्रम में बिताया था। इस आश्रम की स्थापना महात्मा गांधी ने की थी। गांधी स्मारक निधि, मुंबई की स्थापना कई रचनात्मक गतिविधियों को संचालित करने और बढ़ावा देने के उद्देश्य से की गई थी। महात्मा गांधी अपने जीवनकाल के दौरान इससे जुड़े रहे थे। महात्मा गांधी 1917 से 1934 तक कई बार मणि भवन में ठहरे थे।