कांग्रेस नेता सैम पित्रोदा ने गुरुवार को कहा कि केंद्र की भाजपा नीत सरकार सभी मोर्चे पर असफल हुई है। पित्रोदा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बहस की चुनौती दी और कहा कि वह भी गुजराती हैं। पित्रोदा ने कहा, "एक माहौल निर्मित किया गया है जिसमें लोग तथ्यों पर नहीं बल्कि झूठ पर विश्वास करते हैं जो सोशल मीडिया पर फैलाए जाते हैं।"
पित्रोदा ने कहा कि मोदी ने सार्वजनिक राशि का दुरुपयोग खुद को बढ़ावा देने और विज्ञापन पर किया। उन्होंने आरोप लगाया कि 'बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ' का आधा बजट विज्ञापन पर खर्च किया गया। पित्रोदा ने धर्मशाला में संवाददाताओं से कहा, "आइए मुद्दों पर चर्चा करिए। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के साथ बहस करिए और यदि उनके साथ नहीं तो मेरे साथ बहस करिए। मैं भी एक गुजराती हूं।
इस दौरान पित्रोदा ने 1984 दंगे के मुद्दे पर कहा- अब क्या है 84 का? आपने (मोदी) क्या किया है पांच साल में, उसकी बात करिए। 84 में हुआ तो हुआ, आपने क्या किया? आपको रोजगार पैदा करने के लिए वोट दिया गया था, 200 स्मार्ट सिटी बनाने के लिए वोट मिले थेष आपने वो भी नहीं किया।
उन्होंने कहा कि पिछले पांच वर्षों में किए गए कार्यों के बारे में बात करने की बजाय मोदी लोगों का ध्यान सीमा, कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की राष्ट्रीयता की ओर बंटा रहे हैं और पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी पर हमला कर रहे हैं।
पित्रोदा ने कहा कि लोकसभा चुनाव भारत के इतिहास में सबसे महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि यह भाजपा और कांग्रेस के बीच मुकाबला नहीं है। उन्होंने कहा, "यह चुनाव भारत के भविष्य को लेकर है। इसके बारे में कि हम किस तरह का देश चाहते हैं।"
उन्होंने प्रस्तावित न्याय योजना को मनरेगा के समान बताते हुए कहा कि न्यूनतम आय योजना ग्रामीण अर्थव्यवस्था को गति देगी। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार पांच वर्षों में 10 करोड़ नौकरियां मुहैया कराने के अपने वादे में असफल रही, इसके बजाय 24 लाख सरकारी पद रिक्त हैं।
पित्रोदा ने कहा कि वह 100 स्मार्ट शहरों के वादे पर भी विफल रही। उन्होंने किसानों की आय दोगुनी करने का वादा किया लेकिन यह कम हो गई है। पित्रोदा ने कहा कि देश का कर्ज 50 फीसदी बढ़ गया है। शिक्षा पर बजट कम करके 4.9 फीसदी से 3.4 फीसदी कर दिया गया है।