फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kolkata Case: कोलकाता मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने संज्ञान लिया, तो हाईकोर्ट ने स्थगित की याचिकाओं पर सुनवाई

Wed, 21 Aug 2024 12:57 PM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता

सार

सुप्रीम कोर्ट ने डॉक्टर्स और अन्य स्वास्थ्य पेशेवरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक 10 सदस्यीय राष्ट्रीय टास्क फोर्स का गठन करने का आदेश दिया है। साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में बीते हफ्ते हुई हिंसा और तोड़फोड़ की घटना पर सीबीआई से अलग से रिपोर्ट दाखिल करने को कहा है। 
विज्ञापन
कलकत्ता हाईकोर्ट - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कलकत्ता हाईकोर्ट ने बुधवार को आरजी कर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में डॉक्टर के कथित दुष्कर्म एवं हत्या के मामले में दायर जनहित याचिकाओं पर सुनवाई 4 सितंबर तक स्थगित कर दी है। सुप्रीम कोर्ट पहले ही इस मामले पर स्वतः संज्ञान ले चुका है, जिसके चलते हाईकोर्ट ने फिलहाल याचिकाओं पर सुनवाई स्थगित कर दी है। आरजी कर मेडिकल कॉलेज में प्रशिक्षु डॉक्टर से दुष्कर्म और हत्या के विरोध में देशभर में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। ऐसे में सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को स्वतः संज्ञान लेकर इस मामले पर सुनवाई की। 
विज्ञापन


उच्च न्यायालय ने की ये टिप्पणी
मुख्य न्यायाधीश टी एस शिवगनम की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने कहा कि चूंकि इस मुद्दे पर सर्वोच्च न्यायालय के आदेश में उच्च न्यायालय के समक्ष लंबित सभी मुद्दे शामिल हैं, इसलिए वह कोलकाता के सरकारी अस्पताल में हुई घटनाओं के संबंध में उच्च न्यायालय के समक्ष 14 जनहित याचिकाओं की सुनवाई 4 सितंबर तक स्थगित कर रही है। पीठ में शामिल न्यायमूर्ति हिरणमय भट्टाचार्य ने सभी से पीड़िता की पहचान का खुलासा न करने का अनुरोध दोहराया। 

सुप्रीम कोर्ट ने नेशनल टास्क फोर्स गठन का दिया आदेश
सुप्रीम कोर्ट ने डॉक्टर्स और अन्य स्वास्थ्य पेशेवरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक 10 सदस्यीय राष्ट्रीय टास्क फोर्स का गठन करने का आदेश दिया है। साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में बीते हफ्ते हुई हिंसा और तोड़फोड़ की घटना पर सीबीआई से अलग से रिपोर्ट दाखिल करने को कहा है। साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने विरोध प्रदर्शन कर रहे डॉक्टर से धरना प्रदर्शन वापस लेने की अपील की क्योंकि इस वजह से अस्पतालों में मरीजों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। 
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें