शुक्रवार को शाम साढ़े छह बजे भी वह दूरदर्शन के कृषि दर्शन कार्यक्रम में शामिल हुए। कार्यक्रम में जब चर्चा चल रही थी, तभी डॉ. अनी एस दास अचानक से लड़खड़ाकर गिर गए। आनन-फानन में उन्हें अस्पताल ले जाया गया।
केरल में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। दरअसल यहां एक लाइव टीवी कार्यक्रम के दौरान कृषि विशेषज्ञ अचानक से लड़खड़ाकर गिर गए। आनन-फानन में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। खबर के अनुसार, डॉ. अनी एस दास (59 वर्षीय) केरल कृषि विश्वविद्यालय में प्लानिंग निदेशक पद पर थे। वह अक्सर दूरदर्शन पर प्रसारित होने वाले कृषि दर्शन कार्यक्रम में बतौर विशेषज्ञ शामिल होते थे।
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केरल सरकार में कई प्रोजेक्ट्स का नेतृत्व किया
शुक्रवार को शाम साढ़े छह बजे भी वह दूरदर्शन के कृषि दर्शन कार्यक्रम में शामिल हुए। कार्यक्रम में जब चर्चा चल रही थी, तभी डॉ. अनी एस दास अचानक से लड़खड़ाकर गिर गए। आनन-फानन में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। माना जा रहा है कि हार्ट अटैक के चलते उनकी जान गई। डॉ. अनी एस दास ने केरल सरकार के पशुपालन विभाग में कई प्रोजेक्ट का नेतृत्व किया था। डॉ. दास कोल्लम जिले के कदाकल के निवासी थे और सेंटर फॉर बायो-रिसोर्स एंड एग्रीकल्चर सर्विसेज के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर के तौर पर सेवा दे रहे थे। साथ ही वह केरल के पशुपालन विकास बोर्ड के मैनेजिंग डायरेक्टर पद पर भी थे। डॉ. दास को इंदिरा प्रियदर्शिनी अवार्ड 2012 और राजीव गांधी शिरोमणी अवार्ड 2009 से भी सम्मानित किया गया था।
डॉ. अनी की पत्नी डॉ. विजी एर्नाकुलम मेडिकल कॉलेज में फार्मेसी मेडिसिन की प्रोफेसर हैं और बेटी निकिता बेंगलूरू में रहती है। डॉ. दास ने जर्मनी से पढ़ाई की थी और केरल वेटरनरी एंड एनीमल साइंस यूनिवर्सिटी वायनाड से वेटरनरी मेडिसिन में पीएचडी की डिग्री हासिल की थी।