पाक अधिकृत कश्मीर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान के बाद केंद्रीय मंत्रियों ने भी बयानबाजी शुरू कर दी है। प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्यमंत्री जितेंद्र सिंह ने जम्मू के सांबा में तिरंगा यात्रा को रवाना करते हुए कहा कि अगली बार तिरंगा पाक अधिकृत कश्मीर में फहराया जाएगा।
Actual culmination of 'Tiranga yatra' will be in Kotli,Muzaffarabad when we succeed in hoisting the tricolour of India in PoK-Jitendra Singh
— ANI (@ANI_news) August 13, 2016
मंत्री ने कहा, 'एक आजादी की लड़ाई अभी बाकी है, अपने भाई जो पाक अधिकृत कश्मीर में हैं उन्हें स्वतंत्र कराना है। तिरंगा यात्रा का असल समापन कोटली और मुजफ्फराबाद में होगा, जब भारत पाक अधिकृत कश्मीर में तिरंगा फहराएगा।'
It is our moral & national responsibility to stand by our brothers in PoK & also Gilgit-Baltistan: Jitendra Singh pic.twitter.com/kyxS1d22r6
— ANI (@ANI_news) August 13, 2016
'पीओके को आजादी दिलानी है'
Jammu: MoS PMO Jitendra Singh flags off 'Tiranga yatra' in Samba pic.twitter.com/lgaFpAgv2p
— ANI (@ANI_news) August 13, 2016
उन्होंने कहा कि यह हमारी नैतिक और राष्ट्रीय जिम्मेदारी है कि पीओके और गिलगित-बाल्टिस्तान के अपने भाइयों के साथ खड़ा हुआ जाए। हमारी जिम्मेदारी है कि पीओके में मानवाधिकारों के उल्लंघन की ओर दुनिया का ध्यान दिलाया जाए।
At the same time, to draw attention of the world to the kind of human rights violation that is taking place in that region: J Singh, MoS PMO
— ANI (@ANI_news) August 13, 2016
मोदी के साथ सभी दल
- फोटो : PTI
गौरतलब है कि शुक्रवार को कश्मीर मुद्दे पर हुई सर्वदलीय बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पाक अधिकृत कश्मीर को भारत का अभिन्न हिस्सा बताया था। पीएम ने कहा था कि पीओके में हो रहे मानधाविकरों के उल्लंघन की ओर दुनिया का ध्यान दिलाया जाए। बैठक में सभी दलों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलने की बात कही।
Ek azaadi ki ladai abhi baaki hai,apne bhai jo PoK mein hain unhe swatantra karaana hai:Jitendra Singh,MoS,PMO pic.twitter.com/Q4qeMaFpqm
— ANI (@ANI_news) August 13, 2016
प्रधानमंत्री ने इसके साथ ही कश्मीर में घाटी हिंसा, कर्फ्यू और तनाव की स्थिति को खत्म शांति बहाल करने के लिए हरसंभव उपाय करने पर जोर दिया। हालांकि उन्होंने कहा कि भारत अपनी सुरक्षा, एकता और अखंडता पर किसी तरह का समझौता नहीं करेगा।