'मिलिट्री इंटेलिजेंस' इकाई में सेंध लगाने का प्रयास
एनआईए एवं दूसरी जांच एजेंसियों द्वारा यह बात कही जाती रही है कि जम्मू कश्मीर प्रशासन में आतंकियों के मददगार बैठे हैं। पिछले दिनों ऐसे कई लोगों के खिलाफ कार्रवाई भी हुई है। सूचनाएं लीक करने वाले ओवर ग्राउंड वर्कर का पता लगाया जा रहा है। विदेशी सीक्रेट एजेंसियां, जिनमें आर्मी इंटेलिजेंस यूनिट भी शामिल हैं, वे भारतीय सेना की 'मिलिट्री इंटेलिजेंस' इकाई में सेंध लगाने का प्रयास कर रही हैं। इनका मकसद भारतीय सेना की लड़ाकू यूनिटों की अधिक से अधिक जानकारी जुटाना है। इसके लिए विदेशी एजेंसियां, भारतीय सेना के जवानों और अधिकारियों को निशाना बना रही हैं। गत दिनों डायरेक्टर जनरल ऑफ मिलिट्री इंटेलिजेंस 'डीजीएमआई' और 'आईबी' ने इसके मद्देनजर आर्मी एवं दूसरे सशस्त्र बलों को सचेत किया है। फोन कॉल या सोशल मीडिया के जरिए अगर कोई स्टाफ कर्मी किसी अपरिचित के साथ संवेदनशील जानकारी साझा करता है तो उसके खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई करने की बात कही गई है।
आईबी के इनपुट में कहा गया है कि विदेशी ताकतें, हमारी सैन्य कमान की जानकारी लेना चाहती हैं। देश में इस अवधारणा के विषय में क्या चल रहा है, कौन राजी है, कौन नहीं, इस संबंध में विदेशी एजेंसियां दस्तावेजों सहित सूचना निकालने का प्रयास कर रही हैं। संयुक्त सैन्य कमान, का ढांचा तैयार करने की जिम्मेदारी किसे मिली है। कुल कितनी रिपोर्ट तैयार होंगी। फाइनल नोट किसके द्वारा तैयार किया जाएगा। 'लैंड थिएटर कमांड' के गठन को लेकर क्या चल रहा है, इससे जुड़ी जानकारी भी विदेशी एजेंसियां हासिल करना चाहती हैं।
जम्मू कश्मीर पुलिस में आईजी के पद पर तैनात एक आईपीएस बताते हैं कि अब उनका मुख्य फोकस अंडर ग्राउंड व ओवरग्राउंड वर्कर पर है। इसके लिए आईबी, जम्मू-कश्मीर पुलिस की ख़ुफ़िया इकाई और रॉ जैसी एजेंसियाँ कारगर साबित होती हैं। सभी के बीच अच्छा तालमेल है। पाकिस्तान ने सीमा पर गोलीबारी तो बंद कर दी है, लेकिन जम्मू कश्मीर में आतंकियों के लिए अपना 'स्पोर्ट सिस्टम' जारी रखा है। ड्रोन से हथियार पहुंचाने के दर्जनभर मामले सामने आ चुके हैं। जम्मू एयरफोर्स स्टेशन पर विस्फोट किया गया। सैन्य परिसरों को निशाना बनाने का प्रयास हुआ। आतंकी संगठनों की छोटी तंजीमें जिसमें टीआरएफ (द रजिस्टेंस फ्रंट) शामिल है, उसके ज़रिये घाटी में कराई जा रही रेंडम किलिंग पर भी आईबी नेटवर्क रोक लगा सकता है।