केंद्र सरकार में प्रतिनियुक्ति यानी डेप्युटेशन को लेकर आईपीएस अफसर जिद पर अड़ गए हैं। विभिन्न केंद्रीय अर्धसैनिक बलों और जांच एवं खुफिया एजेंसियों में लंबे समय से आईपीएस के पद खाली पड़े हैं, लेकिन वे ज्वाइन नहीं कर रहे। 'सीपीओ' और 'सीएपीएफ' में रिक्तियों को लेकर केंद्रीय गृह मंत्रालय की चार नवंबर को जारी हुई रिपोर्ट में पता चला है कि डीजी के लिए स्वीकृत 13 पदों में से 3 पद खाली हैं। स्पेशल डीजी के दस में से दो पद और एडीजी के 28 पदों में से दो पद खाली हैं। आईजी के 140 पदों में से 23, डीआईजी के लिए स्वीकृत 252 में से 147 पद और एसपी के 199 में से 97 पद रिक्त पड़े हैं।
केंद्र की ओर से सभी राज्य सरकारों को आईपीएस की प्रतिनियुक्ति से भरे जाने वाले पदों की सूची भेजी जाती है, लेकिन आईपीएस अफसर इन पदों पर ज्वाइन करने से साफ इंकार कर देते हैं। सीएपीएफ के पूर्व कैडर अफसर और बीएसएफ में आईजी रहे एमएस मल्ही कहते हैं, ठीक है यदि आईपीएस नहीं चाहते हैं तो जबरदस्ती न करें। उनके लिए स्वीकृत जो पद खाली हों, उन्हें सीएपीएफ अधिकारियों की तरफ डायवर्ट कर दें।
बीएसएफ के पूर्व एडीजी एसके सूद, सीआरपीएफ के पूर्व एडीजी डीसी डे और पूर्व आईजी वीपीएस पवार का कहना है कि इस तरह से खाली पद रखना ठीक नहीं है। इससे बल की कार्यक्षमता प्रभावित होती है। सरकार को चाहिए कि ऐसे पदों पर सख्ताई से आईपीएस की प्रतिनियुक्ति को संभव बनाए। यदि ऐसा नहीं होता है तो उनके पद कैडर अधिकारियों को दे दिए जाएं। इसमें किसी को कोई आपत्ति नहीं होगी।
मौजूदा समय में अर्धसैनिक बलों, विभिन्न जांच एजेंसियों एवं ब्यूरो को मिलाकर 18 ऐसी सेवाएं हैं, जहां प्रतिनियुक्ति पर आईपीएस अफसरों की तैनाती की जाती है। टॉप के पद जैसे डीजी, स्पेशल डीजी, एडीशनल डीजी और आईजी के पदों पर तो आईपीएस आते हैं, लेकिन इससे नीचे के पद उनके आकर्षण का केंद्र नहीं बन पाते।
बीएसएफ में आईपीएस के लिए स्वीकृत आईजी के आठ पद खाली हैं। डीजीआई के 26 में से 22 पद रिक्त हैं। सीबीआई में डीआईजी के 35 में से 20 और एसपी के 59 में से 29 पद खाली पड़े हैं। सीआईएसएफ में आईपीएस डीआईजी के 20 में से 17 पद रिक्त हैं।
सीआरपीएफ में आईजी के 38 पदों में से 22 पद रिक्त हैं। जो पंद्रह पद भरे हैं, वे भी उस स्थिति में, जब उन पदों को अस्थायी तौर पर कैडर अधिकारियों को दे दिया गया। आईबी में डीआईजी के 63 में से 28 पद और एसपी के 83 में से 49 पद खाली हैं।
एसएसबी में डीआईजी के लिए स्वीकृत आईपीएस के 25 पदों में से 23 पद खाली हैं। एनपीए में डीआईजी के पांच में से चार पद रिक्त हैं। आईटीबीपी में आईजी के दस में सात और डीआईजी के भी दस में सात पद रिक्त हैं।