एसएससी जीडी 2018 के जरिए केंद्रीय अर्धसैनिक बलों में भर्ती होने के लिए परेशान हजारों आवेदकों के लिए खुशखबरी है। विभिन्न सुरक्षा बलों का हिस्सा बनकर इन आवेदकों का देश सेवा करने का सपना अब सच होने जा रहा है। इस भर्ती प्रक्रिया को पूरा करने के लिए नोडल एजेंसी बनाए गए सीआरपीएफ के एक शीर्ष अधिकारी का कहना है कि अब जल्द ही नियुक्ति पत्र देने की प्रक्रिया शुरू होगी।
हालांकि यह काम एसएससी का है, लेकिन हमारी तरफ से 24 नवंबर तक आवेदकों की मेडिकल समीक्षा करने का काम पूरा कर लिया जाएगा। उसके तुरंत बाद एसएससी को फाइनल रिकॉर्ड भेज देंगे। शीर्ष अधिकारी के मुताबिक, ये बात हमारी जानकारी में है कि एसएससी जीडी 2018 के आवेदक नियुक्ति न पत्र मिलने को लेकर परेशान हैं। बहुत से आवेदक इस संबंध में दिल्ली भी आए थे। इनकी नियुक्ति को लेकर कन्फेडरेशन ऑफ एक्स पैरामिलिट्री फोर्स वेलफेयर एसोसिएशन की तरफ से बल मुख्यालय को ज्ञापन भी सौंपा गया था।
यह भर्तियां 2018 में निकली थीं। पिछले साल इसकी परीक्षा आयोजित की गई। उसके बाद मेडिकल की प्रक्रिया शुरू हुई थी। इस साल की शुरुआत में कोरोना संक्रमण जैसी वैश्विक महामारी ने दस्तक दे दी। इस वजह से मेडिकल बोर्ड का कार्य प्रभावित हो गया। जिन डॉक्टरों की ड्यूटी, आवेदकों का मेडिकल करने वाले बोर्ड में लगाई गई थी, उन्हें कोविड 19 से बचाव के अभियान में जुटना पड़ा।
इसके चलते एसएससी के आवेदकों की मेडिकल प्रक्रिया बाधित हो गई। अब सभी आवेदकों की मेडिकल समीक्षा का कार्य अंतिम चरण में है। अगले सप्ताह एसएससी को रिपोर्ट भेज दी जाएगी। उसके बाद संबंधित एजेंसी आवेदकों को नियुक्ति पत्र जारी कर देगी।
मौजूदा समय में सीआरपीएफ में 26506, बीएसएफ में 28926, सीआईएसएफ 23906, एसएसबी 18643, आईटीबीपी 5784 और असम राइफल में 7328 पद खाली पड़े हैं। यह जानकारी खुद केंद्रीय गृह राज्यमंत्री नित्यानंद राय ने संसद में दी थी। उन्होंने कहा था कि सिपाहियों के 60210 पद, एसआई के 2534 और सहायक कमांडेंट के 330 पदों को भरने के लिए भर्ती प्रक्रिया जारी है।
आवेदकों का कहना है कि तीन साल से चली आ रही भर्ती प्रक्रिया अभी तक पूरी नहीं हो सकी है। जिनका मेडिकल हो चुका है, उन्हें बिना किसी देरी के नियुक्ति पत्र दिया जाए। एसोसिएशन के महासचिव रणबीर सिंह का कहना था कि केंद्र सरकार ने तो करीब साठ हजार पदों पर भर्ती के लिए विज्ञापन निकाला था। इसके लिए लाखों युवाओं ने आवेदन कर दिया। अब 85 हजार आवेदकों की मेडिकल प्रक्रिया पूरी हो गई है।
आवेदकों का कहना है कि रिज़ल्ट में देरी के चलते अब किसी दूसरी परीक्षा के लिए आयु निकल चुकी है। ऐसी स्थिति में केवल यही एक परीक्षा है जो हमें सिपाही की भर्ती का मौका दे सकती है। केंद्र सरकार के पास विभिन्न अर्धसैनिक बलों में एक लाख से अधिक पद खाली हैं। सरकार के पास यह अधिकार है कि वह रिक्तियों की संख्या बढ़ाकर सभी मेडिकल पास आवेदकों को नियुक्ति पत्र दे सकती है।