पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के जन्मदिन (25 दिसंबर) को भाजपा ने सेवा-सुशासन दिवस के रूप में मनाया। इसके लिए हर राज्य में जिला से लेकर मंडल-बूथ स्तर तक सेवा कार्यक्रम आयोजित किए गए। इन कार्यक्रमों में भाजपा नेताओं ने पीएम नरेंद्र मोदी की सरकार के द्वारा किए जा रहे कार्यों की लोगों को जानकारी दी और यह बताने का प्रयास किया कि किस तरह मोदी सरकार के कार्यों के द्वारा उस लक्ष्य को हासिल करने का प्रयास किया जा रहा है जिसका सपना पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने देखा था।
बीजेपी नेताओं का मानना है कि 2019 में मोदी सरकार की सत्ता में वापसी के पीछे उसकी कल्याणकारी योजनाओं का लोगों के बीच बहुत अधिक लोकप्रिय होना था। यही कारण है कि अब अपने हर कार्यक्रम में भाजपा नेता मतदाताओं को यह बताने का कोई अवसर हाथ से नहीं जाने दे रहे हैं कि केंद्र सरकार ने उनके लिए किन-किन कार्यों को किया है और किन योजनाओं का लाभ उन्हें आने वाले दिनों में मिलता रहने वाला है।
मॉडल झुग्गी बस्ती बनेगी
दिल्ली भाजपा के उपाध्यक्ष विष्णु मित्तल ने आनंद विहार की एक झुग्गी-झोपड़ी को गोद लिया। इस अवसर पर उन्होंने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि उनकी पार्टी के संस्थापक पंडित दीनदयाल उपाध्याय पंक्ति में खड़े अंतिम व्यक्ति के कल्याण की बात करते थे। भाजपा ने अपने कार्यक्रमों के जरिए इसी आदर्श को स्थापित करने का संकल्प लिया है। झुग्गी-झोपड़ी में समाज का सबसे कमजोर वर्ग निवास करता है। उसे मजबूत करने के लिए दिल्ली के गरीबों को अब तक तीन हजार से ज्यादा फ्लैट दिए जा चुके हैं।
रोटी, कपड़ा और मकान देकर कर रहे अंत्योदय
विष्णु मित्तल ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी ने घोषणा कर दी है कि अगले पांच साल तक गरीबों को मुफ्त राशन मिलता रहेगा। इससे उन्हें गरीबी रेखा से ऊपर आने में मदद मिलेगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पूरे देश के साथ-साथ दिल्ली में भी गरीबों को मुफ्त आवास प्रदान करेंगे। आवास-भोजन की सुविधा देने वाली सरकार ने लोगों को स्वस्थ रखने के लिए उनके मुफ्त इलाज की सुविधा भी दी है। इस तरह रोटी, कपड़ा और मकान देकर गरीबों के जीवन स्तर को ऊपर उठाने का काम किया जा रहा है।
आवास योजना का जिक्र क्यों कर रहे भाजपा नेता
भाजपा ने आवास योजना के प्रति लोगों में आकर्षण पैदा कर छत्तीसगढ़ विधानसभा का चुनाव जीता है। राज्य में 18 लाख परिवारों को प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत घर देने का वादा किया गया है। इसके लिए विधानसभा चुनाव के पहले बाकायदे लोगों से फॉर्म भरवाए गए थे। यदि एक परिवार में चार वोट होने को भी औसत मान लें तो भाजपा ने अकेले पीएम आवास योजना के कारण लगभग 72 लाख मतदाताओं को प्रभावित किया होगा। ध्यान देने की बात है कि भाजपा को छत्तीसगढ़ में केवल 72.34 लाख वोट ही मिले हैं।
'हम ईवीएम नहीं, अंगूठे सेट कर रहे'
यदि इन मतदाताओं में कांग्रेस को समर्पित या किसी गैर भाजपाई दल को वोट देने वाले प्रतिबद्ध मतदाताओं की संख्या काट भी दें तो यह समझा जा सकता है कि भाजपा को वोट कहां से मिले होंगे। छोटी आय के गरीब लोगों के लिए आवास बनवाना बहुत कठिन काम है। ऐसे में समझा जा सकता है कि छत्तीसगढ़ के आदिवासी-गरीब मतदाताओं ने भाजपा को वोट क्यों दिया होगा। भाजपा के एक नेता हास्य के भाव में कहते हैं कि कांग्रेस ईवीएम सेट करने की बात करती है, लेकिन उसे पता नहीं कि हम ईवीएम नहीं, उन अंगूठों को सेट कर रहे हैं जो ईवीएम की मशीन दबाते हैं।
आनंद विहार की झुग्गी में रहने वाली आशा देवी ने अमर उजाला से कहा कि उन्हें राशन मुफ्त मिल रहा है। रहने के लिए अभी झुग्गी का ही सहारा है, लेकिन भाजपा नेताओं ने उन्हें वादा किया है कि सरकार आने के बाद वे उन्हें फ्लैट उपलब्ध कराएंगे। उनके जैसे उनकी झुग्गी-झोपड़ी के हजारों परिवारों को उम्मीद है कि जल्द ही उनके सर पर भी छत हो जाएगी।
छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनावों से लेकर दिल्ली की आशादेवी तक के संदेश समझने की कोशिश करें तो यह समझ आ जाता है कि विष्णु मित्तल जैसे भाजपा नेता गरीबों से बार-बार आवास का वादा क्यों कर रहे हैं। लोकसभा चुनाव में केवल चार महीने शेष बचे हैं और भाजपा पूरे जोरशोर से आशा देवी जैसे मतदाताओं में अपनी बात बिठाने की कोशिश कर रही है।