विविध प्रजातियों से भरे जंगलों में कार्बन सोखने की क्षमता अधिक होती है। केवल एक ही प्रजाति के पेड़ों वाले जंगलों के मुकाबले दो प्रजातियों के पेड़ों से भरे जंगल 35 प्रतिशत तक अधिक कार्बन सोखते हैं।
ऑक्सफोर्ड विवि के शोधकर्ताओं ने अध्ययन के बाद दावा किया कि विविधता न केवल जीवों के विकास में मदद करती है, बल्कि पर्यावरण को शुद्ध बनाने में भी उपयोगी है। अध्ययन में शामिल सूजन कुक पैटन ने बताया कि इस समय पूरी दुनिया में अधिक से अधिक वृक्ष लगाने का चलन बढ़ रहा है। हमें इसमें विविधता का भी ध्यान रखना चाहिए। अध्ययनकर्ताओं ने जंगलों में कार्बन स्टोर करने की क्षमता बढ़ाने के लिए साल 1975 से अब तक हुए कई शोध के परिणामों का विश्लेषण करने के बाद यह दावा किया है।
शोध के बाद यह मिले परिणाम
- 2 प्रकार के पेड़ों वाले जंगलों में जमीन से ऊपर कार्बन स्टोर करने की क्षमता एक प्रजाति वाले पेड़ों के मुकाबले 35 प्रतिशत अधिक थी।
- 4 प्रजातियों के पेड़ों वाले जंगल सबसे ज्यादा कार्बन स्टोर कर रहे थे।
- 6 प्रजातियों के पेड़ों वाले जंगलों को लेकर बेहद स्पष्ट परिणाम सामने नहीं आए।
- अधिकतम विविधता वाले जंगलों में एक ही प्रजाति के पेड़ों वाले जंगलों से 70 प्रतिशत ज्यादा कार्बन सोखने की क्षमता मिली।
- व्यावसायिक स्तर पर लगाए जाने वाले एक ही पेड़ों के जंगलों के मुकाबले यह क्षमता 77 प्रतिशत अधिक थी।
ये निकला निष्कर्ष
अध्ययन में शामिल मुख्य वैज्ञानिक व ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय में जीव विज्ञान अध्ययनकर्ता एमिली वॉर्नर के अनुसार यह अध्ययन साबित करता है कि हमें पौधरोपण के दौरान विभिन्न प्रजातियों के पेड़ लगाने होंगे। विविधता का कार्बन सोखने की क्षमता से क्या रिश्ता है, इसे गहराई से समझने के लिए और अध्ययन होने चाहिए।