अरियालूर, वेलोर, तंजावुर, करूर और तिरुचिरापल्ली के कलेक्टरों की तरफ से राज्य लोक विभाग सचिव के. नंथाकुमार ने याचिका दायर की थी। जस्टिस एस एस सुंदर और सुंदर मोहन की खंडपीठ ने सोमवार को 28 नवंबर यानी की मंगलवार के लिए आदेश सुरक्षित रख लिया है।
तमिलनाडु सरकार और पांच जिला कलेक्टरों ने अवैध रेत खनन की जांच के संबंध में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा जारी किए गए समन को चुनौती दी है। मद्रास हाई कोर्ट मंगलवार को राज्य सरकार और कलेक्टरों की इस याचिका पर सुनवाई करने वाली है।
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अरियालूर, वेलोर, तंजावुर, करूर और तिरुचिरापल्ली के कलेक्टरों की तरफ से राज्य लोक विभाग सचिव के. नंथाकुमार ने याचिका दायर की थी। जस्टिस एस एस सुंदर और सुंदर मोहन की खंडपीठ ने सोमवार को 28 नवंबर के लिए आदेश सुरक्षित रख लिया है। कोर्ट ने वरिष्ठ वकील दुष्यंत दवे की दलीलें सुनने के बाद आदेश को सुरक्षित रख लिया। दुष्यंत दवे राज्य सरकार और पांच जिला कलेक्टरों की तरफ से दलीलें पेश कर रहे थे।
अपनी याचिका में नंथाकुमार ने कहा कि ईडी ने विभिन्न जिला कलेक्टरों को समन भेजा है, जिसमें उनसे जिले के सभी रेत खदानों के बारे में जानकारी मांगी गई है।