रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने शनिवार को कहा, भारत की समृद्धि काफी हद तक समुद्रों से जुड़ी है और देश के विकास के लिए निर्बाध समुद्री पहुंच प्राथमिक जरूरत है। ऐसा होने पर ही देश विकास के पथ पर अपनी यात्रा जारी रख सकेगा। हमारे तटरक्षक इस लक्ष्य को हासिल करने की ओर तेजी से बढ़ रहे हैं। राजनाथ ने कहा, भारतीय तटरक्षक का दुनिया की शीर्ष समुद्री सुरक्षा एजेंसियों में अहम स्थान है।
भारतीय तटरक्षक के अलंकरण समारोह में राजनाथ ने कहा, लंबे समय से समुद्रों के साथ हमारे करीबी रिश्ते रहे। हमारे कारोबार, अर्थव्यवस्था, त्योहार और संस्कृति समुद्र से जुड़े रहे हैं। हमने समुद्र से जुड़ी कई चुनौतियों का भी सामना किया।
साथ ही कहा कि इन चुनौतियों ने हमें सिखाया कि समुद्री सुरक्षा सुनिश्चित किए बगैर व्यापक आंतरिक व बाह्य सुरक्षा ढांचा विकसित नहीं हो सकता। भारत के समुद्री क्षेत्रों को सुरक्षित और प्रदूषण मुक्त रखकर ही विभिन्न सुरक्षा जरूरतों, स्वस्थ पर्यावरण और आर्थिक विकास को सुनिश्चित किया जा सकता है। केंद्र सरकार के दृष्टिकोण के अनुसार, आईसीजी क्षेत्रीय सहयोग को बढ़ावा देने, भारतीय महासागर क्षेत्र में शांति बनाए रखने और अंतरराष्ट्रीय समुद्री एजेंसियों के साथ काम करने में सबसे आगे रहा है।
महानिरीक्षक देव राज शर्मा को राष्ट्रपति तटरक्षक पदक
भारतीय तटरक्षक बल के वरिष्ठतम तकनीकी अधिकारी महानिरीक्षक देव राज शर्मा को रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने शनिवार को राष्ट्रपति तटरक्षक पदक प्रदान किया। हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला के पास संजौली निवासी देवराज शर्मा पिछले 35 वर्षों से भारतीय तटरक्षक के विभिन्न मोर्चों पर सेवाएं दे चुके हैं। वर्तमान में वह दिल्ली स्थित तटरक्षक मुख्यालय में बतौर उप महानिदेशक (सामग्री और रखरखाव) के पद पर हैं।