डॉ. वीके पॉल
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नीति आयोग के सदस्य डॉ. वीके पॉल ने दिल्ली सरकार को फिर आगाह किया है। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी की दृष्टि से अगले तीन माह महत्वपूर्ण है। इस दौरान पर्याप्त सावधानी रखते हुए नजर रखी जाए। अनलॉक के दौरान गतिविधियां तेज होने से कोरोना मरीजों की संख्या बढ़ सकती है।
इससे पहले डॉ. पॉल ने दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए) की 9 जुलाई को हुई बैठक के दौरान सुझाव दिया था कि दिल्ली सरकार राजधानी में कोई भी यात्रा पाबंदी लगाने के पहले केंद्र सरकार से परामर्श करे। डॉ. पॉल ने शुक्रवार को कहा कि दिल्ली में अनलॉक के बाद गतिविधियां बढ़ने से कोरोना मरीजों की संख्या बढ़ सकती है। हालांकि अभी संक्रमण दर निम्नतम है। उक्त बैठक के 20 जुलाई को जारी विवरण में यह बातें कही गई हैं।
मुख्य सचिव विजय देव ने कहा कि कोरोना का डेल्टा प्लस वैरिएंट 12 राज्यों में मौजूद है और उत्तर भारत में संक्रमण दर उच्च है। उन्होंने याद दिलाया कि दिल्ली सरकार ने आंध्रप्रदेश, तेलंगाना व महाराष्ट्र के आने वालों के लिए निगेटिव आरटी पीसीआर रिपोर्ट अनिवार्य करने जैसे प्रतिबंधात्मक कदम उठाए थे। पॉल ने सुझाव दिया कि चूंकि दिल्ली देश की राजधानी है, इसलिए अंतरराज्यीय आवाजाही पर किसी भी पाबंदी से पहले भारत सकरार की सलाह ली जाना चाहिए।