फर्जी कंपनियों के जरिये 48 करोड़ रुपये तक की जीएसटी चोरी के मामले में अधिकारियों ने तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। वित्त मंत्रालय ने बुधवार को बयान जारी कर बताया कि जीएसटी खुफिया महानिदेशालय की गुरुग्राम इकाई ने दो अलग-अलग मामलों में ये गिरफ्तारियां की हैं। इनमें दो आरोपी दिल्ली से 5 व 9 अक्तूबर को गिरफ्तार किये गए और एक को हरियाणा से उठाया गया। ये लोग एक साथ कई फर्जी फर्म चला रहे थे, इनके कागज भी फर्जी थे।
मंत्रालय के मुताबिक दिल्ली से गिरफ्तार दोनों आरोपियों ने 20 से अधिक फर्जी कंपनियों के सहारे 22 करेाड़ से अधिक के इनपुट टैक्स क्रेडिट का फर्जीवाड़ा किया। दोनों को दिल्ली में चीफ मेट्रोपोलिटन मेजिस्ट्रेट के समक्ष पेश किया गया जहां से इन्हें 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजा गया। वहीं हरियाणा का रहने वाला तीसरा आरोपी 23 अक्तूबर को गिरफ्तार किया गया। उसके पास से भारी मात्रा में फर्जी दस्तावेेज जैसे सरकारी विभाग की मुहरें, चेक बुक, कई फर्मों के एटीएम, टोल रसीद बुक, फर्जी परिवहन रसीदें आदि बरामद हुईं। इस पर 26 करोड़ से अधिक जीएसटी चोरी का आरोप है। इसे भी 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया है।
हैदराबाद के एक निजी अस्पताल में 27 वर्षीय एक महिला ने चार बच्चों को जन्म दिया। महिला का ऑपरेशन करने वाले डॉक्टरों में एक ने बताया कि महिला ने अस्पताल में मंगलवार शाम ऑपरेशन (सी-सेक्शन) की मदद से एक लड़के और तीन लड़कियों को जन्म दिया। डॉक्टरों ने बताया कि मां और बच्चे स्वस्थ हैं और नवजात शिशुओं का वजन एक किलोग्राम से अधिक है।
वायुसेना ने 75वें इंफेंट्री डे के अवसर पर ऐतिहासिक परशुराम विमान को याद किया। यह वही विमान है, जिसने 1947 में पाकिस्तान के साथ युद्ध के समय पहली सिख रेजिमेंट के जवानों को श्रीनगर पहुंचाया था। वायुसेना ने ट्वीट कर कहा, भारत के सैन्य इतिहास में कश्मीर घाटी की रक्षा के लिए 27 अक्तूबर, 1947 को 12वें स्क्वाड्रन को वायुसेना ने कश्मीर की धरती पर उतारा था। आज हम उस दिन को इंफेंट्री डे के तौर पर मना रहे हैं।
75वां इंफेंट्री डे
वायुसेना ने उस युद्ध के समय सैनिकों को एयरलिफ्ट करने के वायुसेना अभियान की तस्वीरें भी साझा की हैं। बाद में उनमें से एक डकोटा वीपी905 का नवीनीकरण कर उसे वायुसेना को उपहार में दिया गया। उस विमान का परशुराम के नाम पर नामकरण किया गया और अब वह वायुसेना की धरोहर उड़ान के रूप में उड़ान भरता है। इससे पहले दिन में चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) जनरल बिपिन रावत और सेनाध्यक्ष जनरल एमएम नरवणे ने 75वें इंफेंट्री डे पर राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर पुष्पचक्र अर्पित किए।
प्रतिष्ठित दादा साहब फाल्के पुरस्कार से नवाजे जाने के बाद सुपरस्टार रजनीकांत ने बुधवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। अभिनेता ने मुलाकात के बाद ट्विटर पर राष्ट्रपति कोविंद और पीएम मोदी के साथ अपनी मुलाकात की तस्वीरें साझा करते हुए कहा कि वह उनकी शुभकामनाएं पाकर बेहद खुश हैं।
अभिनेता के साथ उनकी पत्नी लता रजनीकांत भी मौजूद थीं। गौरतलब है कि उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने सोमवार को उन्हें इस सम्मान से नवाजा था। इस मौके पर उपराष्ट्रपति नायडू ने क्षेत्रीय फिल्मों को राष्ट्रीय फिल्म बताया। 67वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों के विजेता अभिनेता मनोज बाजपेयी, धनुष और कंगना रणौत सहित अन्य को भी पुरस्कार प्रदान किए। साल 2019 के लिए राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों की घोषणा इस साल मार्च में की गई थी।