कर्नाटक में भाजपा को मिली करारी मात की टीस अभी भी खत्म नहीं हुई है। भाजपा में सबकुछ ठीक नहीं होने के संकेत देते हुए पूर्व मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा ने कहा, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और कर्नाटक की भाजपा इकाई के प्रमुख की नियुक्ति के मुद्दे पर वह भाजपा आलाकमान पर दबाव बनाएंगे। 80 साल के कद्दावर नेता ने स्वीकार किया कि कर्नाटक विधानसभा में विपक्ष के नेता और नए प्रदेश पार्टी अध्यक्ष के नाम की घोषणा में देरी हो रही है।
भाजपा के वरिष्ठ नेता बीएस येदियुरप्पा ने गुरुवार को कहा कि नियुक्तियां पार्टी आलाकमान को करनी है। वह दबाव बनाने के लिए हरसंभव प्रयास करेंगे। बता दें कि कर्नाटक में प्रमुख विपक्षी दल होने के बावजूद भाजपा ने अभी तक अपने विधायक दल के नेता की नियुक्ति नहीं की है। ये भूमिका फिलहाल पूर्व मुख्यमंत्री येदियुरप्पा ही निभाएंगे। बता दें कि जुलाई में पिछला विधानसभा सत्र विपक्ष के नेता की उपस्थिति के बिना आयोजित किया गया था।
चुनाव और विधानसभा सत्र से पहले नियुक्ति के लिए दबाव
गौरतलब है कि भाजपा में येदियुरप्पा का कद काफी ऊंचा है। कर्नाटक के पूर्व सीएम होने के अलावा येदियुरप्पा भाजपा केंद्रीय संसदीय बोर्ड के सदस्य भी हैं। उन्होंने कहा, विपक्षी नेता की नियुक्ति में देरी हुई है, मैंने इसे जल्द से जल्द करने का अनुरोध किया है। मैं विधानसभा सत्र (संभवतः दिसंबर में) से पहले जल्द से जल्द नियुक्ति करने के लिए दबाव बनाने के लिए हर संभव कोशिश करूंगा।" उन्होंने कहा, कि प्रदेश अध्यक्ष पर भी हमारी मांग है कि नियुक्ति जल्द से जल्द होनी चाहिए, चाहे वह कोई भी हो. हम इसे जल्द से जल्द करने की कोशिश करेंगे."
2019 के बाद भाजपा को नहीं मिला नया अध्यक्ष
भाजपा के दोनों खाली पदों के कारण सत्तारूढ़ कांग्रेस पार्टी जमकर निशाना साध रही है। भाजपा नेतृत्व ने अभी तक इस पर भी फैसला नहीं किया है कि नलिन कुमार कतील की जगह किसे लिया जाए, जिन्होंने पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष के रूप में चार साल पूरे कर लिए हैं। दक्षिण कन्नड़ से तीन बार लोकसभा सदस्य रहे कतील को अगस्त 2019 में तीन साल के कार्यकाल के लिए राज्य इकाई प्रमुख नियुक्त किया गया था। चुनावों को देखते हुए पिछले साल उन्हें सेवा विस्तार भी दिया गया था।
खुद को बचाने के लिए पीएम मोदी की आलोचना
गुरुवार को भाजपा में नियुक्तियों के मुद्दे पर पत्रकारों से बात करते हुए येदियुरप्पा ने सिद्धारमैया के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार पर भी हमला किया। येदियुरप्पा ने सभी मोर्चों पर विफलता का आरोप लगाया, और कहा कि सीएम सिद्धारमैया और कांग्रेस पार्टी के नेता केंद्र सरकार को दोषी ठहरा रहे हैं। कद्दावर भाजपा नेता का आरोप है कि सिद्धारमैया खुद की असफलताओं को छिपाने के लिए "हर चीज के लिए अनावश्यक रूप से" प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना कर रहे हैं।