फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बॉम्बे हाई कोर्ट: पूर्व एसीपी को मिली जमानत, बब्बर खालसा से जुड़े शख्स को पिस्टल देने का आरोप

Wed, 29 Sep 2021 07:02 PM IST
Amit Mandal पीटीआई, मुंबई

सार

एनआईए के मुताबिक पूर्व एसीपी पाराशर ने खालिस्तान समर्थक हरपाल सिंह नाम के एक व्यक्ति को पिस्टल और जिंदा कारतूस दिया था। 
विज्ञापन
Bombay Highcourt - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बंबई उच्च न्यायालय ने बुधवार को दिल्ली पुलिस के सेवानिवृत्त एसीपी सुंदरलाल पाराशर को जमानत दे दी। पाराशर को एनआईए ने खालिस्तान के लिए सिख उग्रवाद को पुनर्जीवित करने की कोशिश करने वाले समूह से जुड़े एक व्यक्ति को बंदूक मुहैया कराने के आरोप में गिरफ्तार किया था। 

विज्ञापन


दिल्ली निवासी पाराशर को 2019 में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने गिरफ्तार किया था। पाराशर ने मुंबई की एक विशेष अदालत द्वारा उसकी जमानत याचिका खारिज करने के बाद उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था।

जस्टिस एसएस शिंदे और एनजे जमादार की डिवीजन बेंच ने बुधवार को पाराशर को विशेष अदालत के फैसले के खिलाफ अपील की इजाजत दी थी। हाई कोर्ट ने विशेष अदालत के फैसले को दरकिनार करते हुए पाराशर को जमानत दे दी। 
विज्ञापन


बेंच ने पाराशर को अगले 6 महीने तक महीने में एक बार एनआईए दफ्तर में हाजिरी लगाने का निर्देश भी दिया। 

वकील मुबीन सोलकर के माध्यम से दायर अपनी याचिका में पाराशर ने कहा था कि उनके खिलाफ कोई सबूत नहीं है और एनआईए मामले में उनकी संलिप्तता स्थापित करने में विफल रही है।

एनआईए ने अपने आरोप पत्र में कहा था कि पाराशर ने खालिस्तान समर्थक हरपाल सिंह नाम के एक व्यक्ति को पिस्टल और जिंदा कारतूस दिया था, जिसके संबंध कट्टरपंथी समूह बब्बर खालसा इंटरनेशनल से थे। 
विज्ञापन




 

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें