भाजपा ने गुरुवार को ईद के दिन पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर वोट बैंक की राजनीति करने का आरोप लगाया है। इसके साथ ही भाजपा सांसद समिक भट्टाचार्य ने बताया कि ममता बनर्जी समाज का ध्रुवीकरण करने की कोशिश कर रहीं है। उन्होंने कहा कि लोग सभी समुदायों के उत्थान के लिए मुख्यमंत्री की योजना जानना चाहते हैं, लेकिन इसके बदले में वह (ममता बनर्जी) लोगों के बीच विभाजन का बीज बो रही है।
समिक भट्टाचार्य ने कहा, "रेड रोड में रैली के दौरान मुस्लिम भाइओं के बीच सौहार्द और भाईचारे को फैलाने की जगह वह लोगों के बीच विभाजन के बीज बो रही हैं। वोट बैंक की राजनीति के लिए ध्रुवीकरण करने की कोशिश कर रही हैं।"
भाजपा नेता का ममता बनर्जी पर आरोप
ईद उल फितर के मौके पर लोगों को संबोधित करते हुए ममता बनर्जी ने दावा किया कि कुछ लोग लोकसभा चुनाव के दौरान दंगा करने की कोशिश करने वाले हैं। इस दौरान उन्होंने लोगों से किसी भी साजिश का शिकार न बनने की अपील की है। ममता ने आगे कहा, "हम नागरिकता (संशोधन) अधिनियम, एनआरसी और समान नागरिक संहिता (यूसीसी) को लागू होने नहीं देंगे। अगर हम एकता बनाकर रखेंगे तो हमे कोई भी नुकसान नहीं पहुंचा सकता है।"
भाजपा नेता ने कहा कि मुख्यमंत्री को पश्चिम बंगाल के विकास के रोडमैप का अनावरण करना चाहिए, जो उनकी आर्थिक स्थिति का सुधार कर सके। उन्होंने आगे कहा, "बंगाल से दूसरे राज्यों में मस्लिमों समेत युवाओं के प्रवास को रोकने के तरीकों पर बात करने के बजाय उन्होंने धार्मिक त्योहारों से पहले एक समुदाय को दूसरे के खिलाफ करने की कोशिश की। यह बहुत ही खतरनाक राजनीति है।"
टीएमसी का पलटवार
टीएमसी प्रवक्ता त्रिनांकुर भट्टाचार्य ने कहा कि सीएम ने केवल भाजपा-आरएसएस के नफरत से भरे, विभाजनकारी और सांप्रदायिक एजेंडा की ओर इशारा किया था। केंद्रीय बलों की सहायता से बंगाल में सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने आगे कहा, "हमें भाजपा की सलाह नहीं चाहिए। सीएम हमेशा लोगों के साथ है। वह एक ऐसी नेता है जो पंडाल में मां दुर्गा की चोकशुडान करती है, छठ पूजा में शामिल होती है और ईद में भी भाग लेती है। वह क्रिसमस के दिन चर्च भी जाती है और सिखो के त्योहार पर गुरुद्वारा भी जाती है।"
उन्होंने आगे कहा कि भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार की नीतियों के कारण मजदूरों को बंगाल छोड़कर दूसरे शहरों में जाना पड़ रहा है। यह केंद्र का पश्चिम बंगाल के साथ भेदभावपूर्ण रवैया है।