ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक।
- फोटो : अमर उजाला
ओडिशा के जिला परिषद चुनावों में बीजू जनता दल (बीजद) ने शानदार जीत दर्ज की है। बीजद ने क्लीन स्वीप करते हुए सभी 30 जिलों में विजय का परचम लहराया है। जानकारी के मुताबिक, बीजद ने चुनाव के लिए अच्छे रिकॉर्ड वाले युवा और शिक्षित उम्मीदवारों को मैदान में उतारा था। चुने गए 30 जिला परिषद अध्यक्षों में से 15 की उम्र 40 साल से कम, 23 की उम्र 50 साल से कम है। सभी जिला परिषद अध्यक्षों की औसत उम्र 41 साल है।
खास बात यह है कि जिला परिषद अध्यक्षों में से 70 फीसदी महिलाएं हैं, जबकि राज्य में महिलाओं के 50 फीसदी सीटें आरक्षित हैं। इसके बावजूद सीएम पटनायक ने ज्यादा से ज्यादा संख्या में महिला उम्मीदवारों को चुनावी मैदान में उतारा। परिणाम में 21 महिला उम्मीदवारों को जिला परिषद अध्यक्ष चुना गया। ऐसा पहली बार है, जब इतनी बड़ी संख्या में महिलाएं जीतकर सामने आई हैं।
जानकारी के मुताबिक, सिर्फ 23 साल की सरस्वती मांझी को सबसे कम उम्र की जिला परिषद के अध्यक्ष रूप में चुनी गई हैं। मांझी बीएससी में स्नातक हैं। वहीं, सामरी तांगुल को स्वाभिमान आंचल मलकानगिरी में जिला परिषद अध्यक्ष चुना गया है। सामरी की उम्र 26 साल है और उन्होंने 12वीं तक की पढ़ाई की हैं।
इससे पहले ओडिशा पंचायत चुनाव में 829 जिला परिषद सीटों में से 743 सीटों पर बीजद ने कब्जा जमाया था। इस चुनाव में भाजपा ने 42 सीटों पर जीत हासिल की थी। वहीं, कांग्रेस ने 37 और आईएनडी ने तीन सीटों में विजय प्राप्त की थी। इसके अलावा 4 सीटें अन्य के खातों में गईं थीं।