आतंकी संगठन अलकायदा के जिहादी समूह से जुड़े पांच लोगों को असम के बारपेटा जिले से गिरफ्तार किया गया है। असम डीजीपी भास्कर ज्योति महंता ने शनिवार को बताया कि इनमें से एक बांग्लादेशी नागरिक है। असम पुलिस की स्पेशल ब्रांच की खुफिया रिपोर्ट के आधार पर बारपेटा पुलिस ने पांचों को कालगचिया थाना क्षेत्र से उठाया।
डीजीपी महंता ने बताया कि इनकी गिरफ्तारी में मुस्लिम नागरिकों ने मदद की। बांग्लादेशी नागरिक की पहचान मोहम्मद सुमन उर्फ सैफुल इस्लाम के रूप में हुई। इसने चार अन्य खैरुल इस्लाम, बादशाह सुलेमान खान, नौशाद अली और तैमूर रहमान खान को जिहादी गतिविधियों के लिए बारपेटा में अलकायदा का एक बेस खोलने के लिए तैयार किया गया था।
अभी इस समूह के अन्य लोग फरार हैं और उन्हें दबोचने की कोशिशें तेज हैं। इस्लाम के असम में होने का इनपुट पिछले साल सितंबर में मिला था। तब से पुलिस को उसकी तलाश थी। शुक्रवार रात पुलिस को सफलता मिली। पांचों को शनिवार को कोर्ट में पेश किया गया जहां से उन्हें पुलिस की हिरासत में भेजा गया है। पुलिस को इनके पास से मोबाइल, लैपटॉप और पेन ड्राइव व कुछ दस्तावेज बरामद हुआ।
आधुनिक तरीके से भर्ती करते थे जिहादी
डीजीपी महंता के मुताबिक, यह गिरोह बड़े ही आधुनिक ढंग से जिहादियों की भर्ती करता था। कंप्यूटर के जरिये इन्हें पूरा प्लान समझाया जाता था। पैसों का लेनदेन भी बड़े ही आधुनिक तरीके से उच्च तकनीक की मदद से किया जाता था। पुलिस के मुताबिक, बांग्लादेश के नारायणगंज जिले के ढाकालियापारा गांव में रहने वाला इस्लाम अपने गांव की मस्जिद में पढ़ाता था। साथ ही वह कट्टरपंथी संगठनों के लिए युवाओं को बरगला कर उनकी भर्ती भी करता था।
एनआईए करेगी आगे की जांच
महंता ने कहा, पुलिस हिरासत में प्रारंभिक पूछताछ की जाएगी उसके आगे की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी के हवाले कर दी जाएगी। एनआईए इस गिरोह के अंतरराष्ट्रीय तार टटोलेगी और देशभर में इसके नेटवर्क का भी पता लगाएगी।