सेना प्रमुख के मणिपुर दौरे पर बोले सीएम एन. बीरेन सिंह
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मणिपुर के सीएम एन बीरेन सिंह ने चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ जनरल उपेन्द्र द्विवेदी के दौरे को लेकर कहा कि उनका ये दौरा ये दिखाता है कि केंद्र सरकार राज्य में शांति बहाल करने के लिए प्रयासरत है। बता दें कि चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ जनरल उपेन्द्र द्विवेदी शुक्रवार को दो दिवसीय दौरे पर मणिपुर पहुंचे और इस दौरान उन्होंने परिचालन संबंधी तैयारियों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने यह भी कहा कि सेना प्रमुख ने एक महत्वपूर्ण मौके पर मणिपुर का दौरा किया।
'इस दौरे का मुख्य उद्देश्य राज्य में जल्द से जल्द शांति बहाल करना'
सीएम बीरेन सिंह ने सीएम सचिवालय में पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए कहा, सेना प्रमुख तीन या चार कमांडरों के साथ आए थे, जिनमें पूर्वी कमान के कमांडर भी शामिल थे। हमने कई मुद्दों पर विचार-विमर्श किया और उनका मुख्य उद्देश्य राज्य में जल्द से जल्द शांति बहाल करना था। उन्होंने सीमावर्ती क्षेत्रों के मुद्दों और पड़ोसी देश में संकट पर भी चर्चा की। बता दें कि चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ जनरल उपेन्द्र द्विवेदी ने अपने इस दौरे के दौरान सीएम एन. बीरेन सिंह से भी मुलाकात की थी।
सेना प्रमुख ने अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की
वहीं सेना प्रमुख के दौरे को लेकर सेना के एक बयान में कहा गया कि जनरल उपेन्द्र द्विवेदी ने मणिपुर में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सुरक्षा स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने क्षेत्र में शांति और सद्भाव बनाए रखने की दिशा में भारतीय सेना और असम राइफल्स के प्रयासों की सराहना की।
मणिपुर में एक साल पहले भड़की थी हिंसा
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार मणिपुर में संकट को लेकर चिंतित है और शांति बहाल करने के लिए प्रयासरत है। सेना प्रमुख जनरल ने कुछ वरिष्ठ अधिकारियों को मणिपुर सरकार के साथ उचित चर्चा के बाद कार्रवाई करने का निर्देश दिया। पिछले साल मई से मणिपुर में इंफाल घाटी स्थित मैतेई और निकटवर्ती पहाड़ियों पर स्थित कुकी के बीच जातीय हिंसा में 200 से अधिक लोग मारे गए हैं और हजारों लोग बेघर हो गए हैं।
सीएम बीरेन सिंह ने असम के सीएम को दिया धन्यवाद
वहीं सीएम बीरेन सिंह ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा और असम विधानसभा के सभी सदस्यों को राज्य के चार जिलों में मणिपुरी भाषा को एक सहयोगी आधिकारिक भाषा के रूप में अनुमति देने के लिए एक विधेयक पारित करने की उनकी पहल के लिए धन्यवाद भी दिया। उन्होंने कहा कि यह असम में रहने वाले मणिपुरियों की लंबे समय से चली आ रही मांग है और मैं राज्य की ओर से सीएम सरमा और असम विधानसभा के सभी अन्य सदस्यों के प्रति अपनी सराहना व्यक्त करता हूं।