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आप नेता कोठियाल बोले: पहाड़ के किसानों की उपेक्षा बर्दाश्त नहीं की जाएगी, सरकार इनकी भलाई के लिए तुरंत उठाए कदम

Mon, 20 Sep 2021 09:27 PM IST
अभिषेक दीक्षित डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

कोठियाल ने कहा कि उत्तरकाशी जिले के हर्षिल घाटी का सेब विदेशों तक अपनी खास पहचान रखता है। लेकिन इस बार स्थानीय सेब काश्तकार वैश्विक महामारी और सरकारी उपेक्षा के चलते काफी परेशान हैं।
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आम आदमी पार्टी (फाइल) - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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आम आदमी पार्टी नेता कर्नल (पूर्व) अजय सिंह कोठियाल ने आरोप लगाया है कि उत्तराखंड सरकार सेब उत्पादक किसानों की उपेक्षा कर रही है। किसानों की कृषि लागत बढ़ रही है जिसके कारण उनका कृषि घाटा बढ़ता जा रहा है। जब किसान इसके लिए सरकार से मांग कर रहे हैं तो सरकार उनकी बातों को ध्यान नहीं दे रही है और उनसे सख्ती की जा रही है। उन्होंने कहा कि किसानों की कृषि लागत कम करने के लिए बिजली के दामों को कम करना सबसे पहला कदम हो सकता है, लेकिन सरकार किसानों की बातों पर ध्यान नहीं दे रही है। आप नेता ने कहा कि किसानों की उपेक्षा किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जाएगी।
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कोठियाल ने कहा कि उत्तरकाशी जिले के हर्षिल घाटी का सेब विदेशों तक अपनी खास पहचान रखता है। लेकिन इस बार स्थानीय सेब काश्तकार वैश्विक महामारी और सरकारी उपेक्षा के चलते काफी परेशान हैं। वर्तमान परिस्थितियों में सेब काश्तकार देहरादून में शुरू होने वाले अंतराष्ट्रीय सेब महोत्सव के विरोध में उतर आएं हैं। सेब उत्पादक किसानों की मांग है कि यदि सरकार हर्षिल घाटी में कोल्ड स्टोरेज पर 22 सितंबर शाम तक नहीं निर्णय नहीं करती तो इस बार अंतर्राष्ट्रीय सेब महोत्सव में स्थानीय सेब उत्पादक किसान शामिल नहीं होगा। अब इस मामले में आप के मुख्यमंत्री प्रत्याशी कर्नल अजय कोठियाल सेब काश्तकारो के समर्थन में उतर गए हैं।

कर्नल कोठियाल ने कहा कि काश्तकार पहले से झाला स्थित सेब स्टोरेज को खोले जाने की मांग कर रहे हैं, जो 2017 में करीब 8 करोड़ की लागत से बना है। हजारों मिट्रिक टन सेब उत्पादन करने के बाद भी कोल्ड स्टोरेज का उपयोग न होना जनता और सेब काश्तकारों के साथ धोखा है। कोठियाल ने कहा कि यदि समस्या का शीघ्र समाधान नहीं हुआ, तो आम आदमी पार्टी कोई बड़ा कदम उठा सकती है, जिसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी।
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