अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के राष्ट्रीय महामंत्री याज्ञवल्क्य शुक्ल ने कहा कि अभाविप का राष्ट्रीय अधिवेशन ऐतिहासिक अनुभवों का गवाह बनने जा रहा है। अभाविप की 75 वर्षों की ध्येय यात्रा अनेक दृष्टियों से महत्वपूर्ण रही है और आज इसी का परिणाम है कि आज अभाविप विश्व के सबसे बड़े छात्र संगठन के रूप में उभरा है।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के दिल्ली में आयोजित होने जा रहे राष्ट्रीय अधिवेशन का उद्घाटन आठ दिसंबर को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह करेंगे। विद्यार्थी परिषद का राष्ट्रीय अधिवेशन दिल्ली में 7-10 दिसंबर के बीच आयोजित हो रहा है। इसमें देशभर के सभी राज्यों से दस हज़ार से अधिक विद्यार्थी भाग ले रहे हैं। राष्ट्रीय अधिवेशन को लेकर तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। चार दिनों तक छात्र 'डीडीए ग्राउंड, बुराड़ी' में बनाई गई अस्थाई टेंट सिटी में रूकेंगे। इस टेंट सिटी का नाम दिल्ली के महाभारत कालीन नाम पर 'इंद्रप्रस्थ नगर' रखा गया है।
विज्ञापन
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की स्थापना के 75वें वर्ष का यह 'अमृत महोत्सव राष्ट्रीय अधिवेशन' आयोजित किया जा रहा है। यह कई मामले में विशिष्ट होगा। राष्ट्रीय अधिवेशन में शिक्षा, पर्यावरण, खेल, कला, समसामयिक विषयों पर व्यापक चर्चा के बाद व्यवहारिक धरातल पर परिवर्तन करने के लिए दिशा भी तय की जाएगी। अधिवेशन में 10 हज़ार से अधिक प्रतिनिधि प्रतिभाग करेंगे।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के राष्ट्रीय महामंत्री याज्ञवल्क्य शुक्ल ने कहा कि अभाविप का राष्ट्रीय अधिवेशन ऐतिहासिक अनुभवों का गवाह बनने जा रहा है। अभाविप की 75 वर्षों की ध्येय यात्रा अनेक दृष्टियों से महत्वपूर्ण रही है और आज इसी का परिणाम है कि आज अभाविप विश्व के सबसे बड़े छात्र संगठन के रूप में उभरा है।
विज्ञापन
एबीवीपी के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी आशुतोष सिंह ने कहा कि इस अधिवेशन का उद्देश्य देश की छात्रशक्ति को देश के सामने खड़ी चुनौतियों से परिचित कराना और उसका समाधान खोजना है। यही युवा कल देश के शीर्ष संस्थानों में अपनी भूमिका निभाएंगे। एबीवीपी युवाओं के चरित्र निर्माण से उनका व्यक्तित्व निर्माण और इसके जरिए समाज और राष्ट्र का निर्माण करने का आदर्श रखती है। युवाओं को अधिवेशन में इसी दिशा में प्रेरित करने का प्रयास किया जाएगा।