एकमात्र पुलिया भी बरसात में ध्वस्त, कोटला कलां और कोटला खुर्द के बीच आवाजाही प्रभावित
मंत्री और विभाग से शिकायत करने के बावजूद समस्या जस की तस, नहीं हुई कोई कार्रवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। ऊना-धमांदरी मार्ग पर नौ पुलियों के निर्माण के लिए 17 करोड़ की स्वीकृति मिलने के बावजूद आज तक धरातल पर कार्य शुरू नहीं हो पाया है। इस मार्ग पर एकमात्र बनी पुलिया भी पुरानी होने के कारण हालिया बरसात में ध्वस्त हो गई, जिससे कोटला कलां और कोटला खुर्द के बीच आवाजाही पूरी तरह प्रभावित हो गई है। वर्तमान में इस मार्ग पर चौपहिया वाहनों की आवाजाही लगभग ठप है और लोग मजबूरन दोपहिया वाहनों से ही सफर कर रहे हैं। इसके चलते क्षेत्र की दर्जनों पंचायतों के सैकड़ों लोग प्रतिदिन भारी असुविधा झेलने को विवश हैं। सेवानिवृत्त गुप्तचर विभाग अधिकारी एवं कोटला लोअर निवासी मनोज कुमार कौशल ने बताया कि लोक निर्माण विभाग ने 17 करोड़ की लागत से इस मार्ग पर नौ पुलियों के निर्माण का प्रस्ताव भेजा था। प्रक्रिया पूरी हो चुकी थी और बजट का प्रावधान भी सरकार ने कर दिया था, लेकिन अधिकारियों की लापरवाही के कारण कार्य ठंडे बस्ते में पड़ा हुआ है। बरसात में जो एकमात्र पुलिया सहारा बनी हुई थी, उसके भी ध्वस्त होने से अब आमजन को अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वर्तमान में चौपहिया वाहनों के लिए यह मार्ग लगभग बंद हो चुका है।
कौशल ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही दोषी अधिकारियों पर विभागीय कार्रवाई अमल में नहीं लाई गई तो ग्रामीणों को आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए विवश होना पड़ेगा। इसकी पूरी जिम्मेदारी सरकार, प्रशासन और विभागीय अधिकारियों की होगी। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच करवाई जाए और चिह्नित स्थानों पर शीघ्र पुलियों का निर्माण कार्य शुरू किया जाए, ताकि जनता को राहत मिल सके।