चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम ने रेस्क्यू कर की सामान्य काउंसलिंग
परिजनों को भी किया जा रहा तलब
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। शहर में एकाएक बढ़ रहे प्रवासी बच्चों की संख्या को लेकर प्रशासन ने कार्रवाई करना शुरू कर दिया है। चाइल्ड हेल्पलाइन की तरफ से इन बच्चों के अभिभावकों की काउंसलिंग की जा रही है। बीते दो सप्ताह में तीन दर्जन से अधिक बच्चों और अभिभावकों की सामान्य काउंसलिंग की जा रही है। इसके अलावा इन बच्चों को स्कूली शिक्षा से जोड़ने के लिए भी प्रयास किए गए हैं।
शहर में प्रवासी बच्चे भिक्षावृत्ति का कार्य कर रहे हैं। ऐसे में प्रशासन ने इन बच्चों को भिक्षावृत्ति से दूर करने तथा स्कूलों तक पहुंचाने के लिए प्रयास शुरू कर दिए हैं। अभी तक चाइल्ड हेल्पलाइन की तरफ से 20 के करीब बच्चों को बीते दो सप्ताह में स्कूली शिक्षा से जोड़ने का काम किया गया है। साथ ही जरूरत पड़ने पर चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम स्कूलों का भी दौरा कर रही है। कि शहर के चौक-चौराहों पर आए दिन बच्चे भिक्षावृत्ति कर रहे हैं। इनमें से अधिकतर बच्चे प्रवासी हैं। इन बच्चों के अभिभावकों को इन्हें स्कूल भेजने के लिए सख्त निर्देश दिए गए हैं। इस मामले में उपायुक्त ऊना ने भी कार्रवाई करते हुए चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम को इस समस्या का हल जल्द करने के निर्देश जारी किए थे। इन निर्देशों पर चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम लगातार कार्य कर रही है। शहर के साथ लगते आसपास के क्षेत्र में बड़ी संख्या में प्रवासी लोग झुग्गी झोपड़ियों में रहते हैं। इनके माता-पिता रोजी-रोटी के सिलसिले में मजदूरी का काम करते हैं। दूसरी तरफ यह बच्चे शहर के चौराहों पर एकत्रित होकर लोगों से पैसे मांगते हैं। ऐसे बच्चों को एकत्रित कर चाइल्ड हेल्पलाइन की टीम उनकी काउंसलिंग कर रही है। बच्चों को स्कूलों में आंगनबाड़ी केंद्रों तक पहुंचाने के लिए भी प्रयास किए जा रहे हैं।
कोट्स
शहर में प्रवासी बच्चों की ओर से भिक्षावृत्ति पर नकेल कसने के लिए कार्य किया जा रहा है। इसके अलावा इन बच्चों के अभिभावकों को इन्हें स्कूलों में भेजने के लिए सख्त निर्देश दिए गए हैं। बीते दो सप्ताह में तीन दर्जन से अधिक बच्चों की सामान्य काउंसलिंग भी की गई है। इसके अलावा दो दर्जन से अधिक बच्चों को स्कूली शिक्षा से भी जोड़ा गया है।
रीना कुमारी, समन्वयक चाइल्ड हेल्पलाइन