टीसीपी ने रेजिडेंशियल यूज के निर्माण कार्य के लिए आर्किटेक्ट को सशर्त किया वैध
पंजाब, हरियाणा और एमपी के बाद प्रदेश में पैटर्न इस वित्तिय वर्ष से शुरू
आर्किटेक्ट सहित विभागीय एक्सपर्ट को किया जा चुका है प्रशिक्षित
जसवीर ठाकुर
ऊना। अब हिमाचल प्रदेश में रेजिडेंशियल यूज के लिए निर्माण कार्य को आर्किटेक्ट ही मंजूरी प्रदान करने के लिए सशर्त वैध होंगे। टीसीपी ने इस पहल को अमलीजामा पहनाने के लिए पूरा खाका तैयार कर लिया है और रूपरेखा को अंतिम रूप भी दे दिया है। विभाग ने रेजिडेंशियल यूज के कंस्ट्रक्शन वर्क के लिए 500 स्क्वायर मीटर तक की शर्त इसमें तय कर दी है।
इस बारे में होने वाले विभिन्न प्रकार के रेजिडेंशियल वर्क के लिए तमाम तरह की औपचारिकताओं को आर्किटेक्ट अपने स्तर पर मंजूरी प्रदान कर सकते हैं। हिमाचल प्रदेश में ऐसा पहली बार हो रहा है, जिसका फायदा सीधे तौर पर जहां एक ओर आर्किटेक्ट को होगा, तो साथ ही प्रदेश की जनता भी सीधे तौर पर लाभान्वित होगी और उन्हें भी बार-बार विभाग के विभिन्न प्रकार की औपचारिकताओं को पूरा करने के लिए चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। इससे पहले यह पैटर्न पंजाब, हरियाणा, मध्य प्रदेश सहित अन्य राज्यों में लागू किया जा चुका है और इसके सार्थक परिणाम सामने आने के बाद हिमाचल प्रदेश में भी इस वित्तीय वर्ष से इसे लागू करने की पहल कर दी है और विभाग से संबंधित आर्किटेक्ट, टेक्निकल ऑफिसर सहित टीसीपी विभाग के अधिकारीगण को 20 अप्रैल को धर्मशाला में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन करके ट्रेनिंग भी दे दी गई है।
हिमाचल प्रदेश राज्य में मानचित्रों की जांच के लिए ऑटो डीसीआर के साथ पूर्णतः स्वचालित ऑनलाइन बिल्डिंग परमिशन सिस्टम (ओबीपीएस) के कार्यान्वयन के संबंध में प्रशिक्षण दिया गया। इससे जुड़े तमाम इंप्लाइज को अपग्रेडेशन के बारे में प्रशिक्षित किया गया। हिमाचल प्रदेश में वर्तमान में 1000 से ऊपर आर्किटेक्ट इस कार्य के साथ जुड़े हुए हैं और अगर बात ऊना जिला की करें तो यहां से भी 100 से अधिक आर्किटेक्ट विभाग के पास पंजीकृत हैं।
उधर, असिस्टेंट टाउन कंट्री प्लानर ऊना पंकज शर्मा का कहना है कि विभाग के डायरेक्टर कमलकांत सरोच के दिशा निर्देशों के तहत इस प्रक्रिया को अमलीजामा पहनाया गया है और विभाग के स्टेट टाउन प्लानर का कार्यभार देख रहे कर्मचंद नांटा ने धरातल पर इस कार्य को अंतिम रूप दिया है। विभाग के सभी आला अधिकारियों के मार्गदर्शन से आम जनता की सुविधा के लिए इस मुहिम को आगे शुरू किया जा रहा है।