नगर निगम ने पूरा ऑनलाइन डाटा और मोबाइल नंबर किए अपडेट
टैक्स भरने के लिए नहीं लगाने पड़ेंगे कार्यालय के चक्कर
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। नगर परिषद के कार्यकाल में भवनों के आकलन के लिए करवाए गए जीआईएस सर्वे को नगर निगम ने अंतिम रूप दे दिया है। इस सर्वे से संबंधित डाटा को ऑनलाइन फीड करने में देरी हुई लेकिन अब इस कार्य को भी पूरा कर लिया गया है। इसके बाद अब हर भवन मालिक के मोबाइल नंबर पर हाउस टैक्स को लेकर मैसेज आएगा। इस मैसेज में ऑनलाइन भुगतान करने का एक लिंक भी साथ में ही भेजा जाएगा। इसके माध्यम से ऑनलाइन भुगतान हो सकेगा।
जीआईएस सर्वे की मदद से भवनों की सैटेलाइट इमेज और हाई रेजोल्यूशन (गुणवत्ता और स्पष्टता) फोटो उपलब्ध हुई हैं, जिनसे भवन की नींव से लेकर संपूर्ण संरचना तक का आकलन किया गया है। इसके आधार पर ही टैक्स निर्धारण किया जाएगा। इससे न केवल टैक्स चोरी पर रोक लगेगी बल्कि नए निर्माण कार्यों पर भी निगम की पैनी नजर रहेगी।
फिलहाल नगर निगम पुराने आंकड़ों के आधार पर टैक्स वसूलता है, जिससे कई बार भवनों की वास्तविक स्थिति सामने नहीं आ पाती। नए सर्वे के चलते नगर निगम का राजस्व 40 प्रतिशत तक बढ़ने का अनुमान है। इसके अलावा उन भवन मालिकों की सूची भी तैयार की जा रही है जिन्होंने पुराना हाउस टैक्स जमा नहीं करवाया है। इस सूची के बनते ही नगर निगम ऐसे भवन मालिकों को नोटिस भेजकर आगामी प्रक्रिया शुरू करेगा ताकि टैक्स की वसूली सही प्रकार से हो सके। यह अतिरिक्त आय शहरवासियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने में सहायक होगी।
कोट्स
नगर निगम की तरफ से शहर में जीआईएस सर्वे का काम पूरा कर लिया गया है। आगामी वित्त वर्ष में ऑनलाइन माध्यम से शहरवासी हाउस टैक्स जमा करवा सकेंगे। -मनोज कुमार, संयुक्त आयुक्त, नगर निगम ऊना