टकारला मंडी में माल ढुलाई विवाद को लेकर सड़ने लगी मक्की।संवाद
बड़ूही (ऊना)। उपमंडल अंब की टकारला अनाज मंडी में माल ढुलाई को लेकर विवाद गहरा गया है। ढुलाई का झगड़ा इतना बढ़ गया है कि किसानों की मेहनत से उगी मक्का की फसल मंडी में ही खराब होने लगी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार अंब से पहुंचे कुछ ट्रक चालक मंडी में आढ़तियों को अपनी निजी गाड़ियों से माल ढुलाई करने से जबरन रोक रहे हैं। ड्राइवरों का कहना है कि टकारला मंडी अंब ट्रक यूनियन के अधीन आती है और यहां केवल यूनियन की गाड़ियां ही ढुलाई कर सकती हैं।
व्यापारी बताते हैं कि ये ड्राइवर सुबह से ही मंडी में डेरा डालकर बैठ जाते हैं और जब व्यापारी अपनी गाड़ियों में अनाज लोड करने लगते हैं तो उन्हें रोककर हाथापाई पर उतारू हो जाते हैं। आढ़ती राज कुमार, सुरिंद्र खन्ना और पवन कुमार ने साफ कहा कि अंब की कोई ट्रक यूनियन विधिवत पंजीकृत ही नहीं है, न ही उनके पास इसके समर्थन में कोई दस्तावेज हैं। आरोप है कि यूनियन का दबाव बनाने के चक्कर में ट्रक चालकों ने उनके एक नौकर के साथ मारपीट तक कर डाली। इस संबंध में थाना अंब में शिकायत दर्ज करवाई गई है। आढ़तियों का कहना है कि निजी गाड़ियों से ढुलाई करने पर खर्च काफी कम आता है जबकि यूनियन की गाड़ियों से यही खर्चा तीन गुना तक बढ़ जाता है। इससे सीधा नुकसान किसानों और व्यापारियों की जेब पर पड़ रहा है।
स्थिति यह है कि कई क्विंटल मक्का मंडी में खराब हो रहा है। नमी और बारिश के चलते दाने काले पड़ गए हैं। किसानों का दर्द साफ झलक रहा है। उन्होंने कहा कि सालभर की मेहनत इस विवाद की भेंट चढ़ रही है। किसानों ने सरकार और प्रशासन से हस्तक्षेप कर तुरंत समाधान की मांग की है। इस बीच, ट्रक यूनियन अंब के प्रधान गुरदेव सिंह और सचिव हरदेव सिंह का कहना है कि वे किसी को ढुलाई से नहीं रोकते और अगर कुछ ड्राइवरों ने मनमानी की है तो उनसे जवाब तलब किया जाएगा। उपप्रधान अख्तर खान का दोटूक बयान है कि व्यापारी अपनी निजी गाड़ी में माल ले जाएं तो कोई आपत्ति नहीं परंतु अन्य गाड़ियों से ढुलाई की कोशिश की जाएगी तो रोकना ही पड़ेगा। अंब थाना प्रभारी ने कहा कि शिकायत मिली है और मामले की गहन जांच जारी है।