मुबारिकपुर (ऊना)। उपमंडल गगरेट का मुबारिकपुर कस्बा वर्षों से बेहतर परिवहन व्यवस्था और ट्रैफिक योजना की उम्मीद लगाए हुए है। मगर यहां स्थिति आज भी जस की तस बनी हुई है। इससे स्थानीय लोगों के साथ ही पर्यटकों और श्रद्धालुओं को भी परेशान होना पड़ रहा है।
चंडीगढ़, जम्मू, जालंधर और धर्मशाला के मुख्य मार्गों पर स्थित कस्बा हिमाचल आने वाले लोगों के लिए पहला पड़ाव है। मगर मुबारिकपुर में न तो मिन्नी बस अड्डे और न ही टैक्सी स्टैंड की उचित व्यवस्था है। कस्बे के चौराहे पर लोग दिन-रात खुले आसमान के नीचे अपनी बस का इंतजार करते हैं, चाहे वह धूप हो या बारिश। यहां के लोगों और बाहरी यात्रियों के लिए कोई वर्षाशालिका की सुविधा नहीं है।
इसके अलावा, मुबारिकपुर चौक पर स्थापित ट्रैफिक लाइटें भी खराब हो चुकी हैं और सड़क पर वाहनों का जाम लगना आम बात हो गई है। इसके चलते, कई बार वाहन दुर्घटनाओं का कारण बन चुके हैं, और ट्रैफिक नियंत्रण केवल एक इक्का-दुक्का कर्मचारी के जिम्मे है, जिससे स्थिति और भी खराब हो जाती है।
स्थानीय नागरिकों राकेश कुमार, जगमोहन ठाकुर, अमित, सुखविंद्र का कहना है कि सरकार को मुबारिकपुर में मिन्नी बस स्टैंड और टैक्सी स्टैंड की व्यवस्था करनी चाहिए। चारों सड़कों के किनारे बस प्रतीक्षा शेड्स की योजना बनाई जानी चाहिए। संवाद