ऊना। शहरी निकायों में करवाए स्वच्छता सर्वेक्षण में नगर परिषद ऊना का प्रदर्शन बेहतरीन रहा है। ऊना का रैंक 50 पायदान ऊपर बेहतर हुआ है। 532वें से ऊना 482 रैंक पर पहुंच गया है। वहीं नगर परिषद मैहतपुर व संतोषगढ़ अपनी रैंकिंग में सुधार नहीं कर पाए हैं।
जिला की नगर पंचायतों में गगरेट को छोड़कर दौलतपुर और टाहलीवाल ने अच्छा प्रदर्शन किया है। जिले में विभिन्न स्तरों पर स्वच्छता को लेकर किए के प्रयास कामयाब होते नजर आ रहे हैं। शनिवार को केंद्र की टीम ने सर्वेक्षण का परिणाम साझा किए। शनिवार को सामने आए आंकड़ों में सबसे अधिक सुधार नगर परिषद ऊना में देखने को मिला। 2020 के स्वच्छता सर्वेक्षण में ऊना नगर परिषद की रैंक 532 रही थी। इस रैंकिंग में सुधार कर सर्वेक्षण टीम ने नगर परिषद ऊना को 482 रैंक दिया है। इसके अलावा नगर परिषद मैहतपुर की रैंकिंग इस साल गिरी है। मैहतपुर को 657 रैंक दिया गया था लेकिन इस साल के सर्वेक्षण में यह रैंक 671 रही है। नगर परिषद संतोषगढ़ की रैंकिंग पिछले साल 687 रही थी। इस साल संतोषगढ़ भी एक पायदान गिरकर 688 रही है। जिले की नगर पंचायतें स्वच्छता सर्वेक्षण में दौलतपुर ने अच्छा प्रदर्शन किया है। 2020 में नगर पंचायत दौलतपुर की रैंकिंग 854 रही थी जो इस बार 528 रही। नपं गगरेट को स्वच्छता सर्वेक्षण के दौरान 546 रैंक मिली थी जो इस साल 598 है। नगर पंचायत टाहलीवाल को 2020 के स्वच्छता सर्वेक्षण में 701 रैंक मिली थी। इस साल 666 रैंक प्राप्त की है। एडीसी ऊना डॉ. अतिम कुमार शर्मा ने बताया कि स्वच्छता को लेकर जिला भर में अभियान चलाए जा रहे हैं। रैंकिंग इससे भी बेहतर करने के लिए प्रयास किए जाएंगे।
इन मानकों पर किया गया सर्वे
स्वच्छता सर्वेक्षण के दौरान केंद्र से आई टीमों ने शहर और नगर पंचायत क्षेत्रों में साफ-सफाई, सार्वजनिक शौचालयों का रखरखाव और कचरा प्रबंधन सहित कई मानकों में सर्वे किया।