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Una News: रिश्वत कांड में सीजीएसटी इंस्पेक्टर 15 अक्तूबर तक जेल भेजा

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अदालत
तीन दिन की रिमांड के बाद शुक्रवार को आरोपी को अदालत में पेश किया
50 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा था
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। 50 हजार रुपये की रिश्वत मामले में गिरफ्तार सीजीएसटी इंस्पेक्टर अंशुल धीमान को शुक्रवार को अदालत में पेश किया गया, जहां आरोपी को 15 अक्तूबर तक न्यायिक हिरासत (जेल) में भेजने के आदेश दिए गए। इससे पहले बीते बुधवार को विजिलेंस ने पालमपुर के डाढ़ निवासी अंशुल धीमान को कोर्ट में पेश कर तीन दिन की रिमांड पर लिया था। बुधवार को ही सीजीएसटी के इंस्पेक्टर के ऊना स्थित क्वार्टर और घर में भी विजिलेंस की टीम ने दबिश दी। क्वार्टर में सीजीएसटी इंस्पेक्टर की अलमारी से 1.71 लाख रुपये का कैश बरामद हुआ। सूत्रों की मानें तो सीजीएसटी के शिमला बैठे आला अधिकारी को विजिलेंस की ओर से पूछताछ के लिए बुलाया गया लेकिन अधिकारी कई निर्देशों के बावजूद जांच में शामिल नहीं हुआ। इसके बाद विजिलेंस की ओर से अधिकारी को नोटिस जारी कर जांच में शामिल होने की हिदायत दी। सूत्रों की मानें से इस मामले में कुछ और गिरफ्तारियां हो सकती हैं। इसमें केवल आरोपी इंस्पेक्टर नहीं, बल्कि कई अन्य अधिकारी व कर्मचारी शामिल हो सकते हैं। विजिलेंस के डीएसपी फिरोज खान के नेतृत्व में हुई कार्रवाई से जीएसटी कार्यालय के नीचे से लेकर उपर स्तर तक के अधिकारियों में हड़कंप है।
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बता दें कि विजिलेंस की टीम ने मंगलवार को सीजीएसटी इंस्पेक्टर को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा था। बाद में रिश्वत की राशि जब्त कर आरोपी को गिरफ्तार किया था। आरोप है कि सीजीएसटी इंस्पेक्टर अंशुल धीमान ने गलत रिटर्न फाइल करने मामले को सेटल करने के लिए डेढ़ लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी। इसके बाद डील सवा एक लाख में तय हुई। विजिलेंस के एसपी बलबीर सिंह ने बताया कि रिश्वत के आरोपी सीजीएसटी इंस्पेक्टर को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेजा गया। कहा कि मामले की जांच जारी है। कई और अधिकारी भी जांच के दायरे में आएंगे।
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